पांच राज्यों की विधानसभा चुनावों के बाद इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (ईवीएम) की विश्वनीयता पर उठे सवालों के बीच चुनाव आयोग ने सभी राजनीतिक पार्टियों को ईवीएम हैक करने की चुनौती दी है। आयोय ने कहा कि 3 जून से दलों को EVM से छेड़छाड़ साबित करने का मौका मिलेगा। इस दौरान हर दल को 4 घंटे का समय दिया जाएगा। इससे पहले चुनाव आयोग ने 20 मई को इस संबंध में शंकाओं को दूर करने के लिए एक सार्वजनिक विशेष कार्यक्रम का आयोजित किया था।इस बीच चुनाव आयोग की चैलेंज में शामिल होने से पीछे हटने के बाद आम आदमी पार्टी(AAP) ने गुरुवार(1 जून) को एलान किया है कि आम आदमी पार्टी भी ईवीएम को लेकर 3 जून को ही हैकाथॉन का आयोजन करेगी। AAP विधायक सौरभ भारद्वाज ने गुरुवार को इसकी जानकारी देते हुए कहा कि आप के टेक्निकल टीम ने ये तय किया है कि हम अपनी टैंपर्ड ईवीएम का चैलेंज भी उसी दिन रखेंगे। यह वही ईवीएम है, जिसका डेमो बीते दिनों दिल्ली विधानसभा में दिया गया था।
We have conveyed to EC that we will hold EVM hackathon on the day of EC's EVM challenge: Saurabh Bhardwaj, AAP MLA pic.twitter.com/gz05bAKYIG
— ANI (@ANI) June 1, 2017
सौरभ भारद्वाज ने बताया कि हैकाथॉन चैलेंज के लिए टेक्निकल एक्सपर्ट के साथ-साथ चुनाव आयोग से एक्सपर्ट को भी बुलाया जाएगा। हम हैकाथॉन उन्हीं शर्तों पर रख रहे हैं, जो शर्तें चुनाव आयोग ने दी है। उन्होंने यह भी कहा कि आयोग ने ईवीएम चैलेंज के लिए जो शर्तें रखी हैं, उनके आधार कोई भी ये साबित नहीं कर सकता कि ईवीएम खराब है। बता दें कि 3 जून को ही चुनाव आयोग ने सभी राजनीतिक पार्टियों को ईवीएम हैक करने की चुनौती दी है।
आयोग पर हैकथॉन से दूर भागने का आरोप लगाकर AAP आयोग की इस चुनौती में भाग नहीं ले रही है। आयोग द्वारा हैकथॉन के नियम एवं शर्तो में बदलाव करने के बाद AAP ने यह फैसला लिया है। AAP ने चुनाव आयोग से ईवीएम के मदर बोर्ड में बदलाव करने की इजाजत मांगी थी, लेकिन आयोग द्वारा इजाजत नहीं देने के बाद आम आदमी पार्टी ने हैकाथॉन में शामिल होने से इंकार दिया था।