गुजरात के निर्दलीय विधायक और दलित कार्यकर्ता जिग्नेश मेवाणी ने शुक्रवार (5 जनवरी) को देश की राजधानी दिल्ली में प्रेस कॉन्फेंस कर एक जनवरी को पुणे के पास स्थित भीमा-कोरेगांव में दलित समाज के शौर्य दिवस पर भड़की जातीय हिंसा पर अपना पक्ष रखा।
प्रेस कॉन्फेंस में उन्होंने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर जमकर निशाना साधा। मेवाणी ने कहा कि खुद को बाबा भीमराव अंबेडकर का भक्त बताने वाले पीएम मोदी को दलितों पर हो रहे अत्याचारों पर जवाब देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि क्या दलितों को शांतिपूर्ण रैली का हक नहीं है। दलितों पर लगातार हो रही हिंसा पर पीएम मोदी अपना रुख स्पष्ट करें। मेवाणी ने कहा कि प्रधानमंत्री अब तक इस मामले पर चुप क्यों हैं?
वहीं, प्रेस कॉन्फ्रेंस करने के बाद जिग्नेश मेवाणी गैलरी में थे तभी अंग्रेजी न्यूज चैनल ‘रिपब्लिक टीवी’ का एक रिपोर्टर उनसे सवाल पूछना चाहा। लेकिन, जिग्नेश रिपोर्टर के सवाल को नजरअंदाज कर आगे बढ़ने लगे, आगे बढ़ते ही रिपोर्टर ने फिर से उनका राय लेना चाहा। लेकिन, जिग्नेश ने एक बार फिर से रिपोर्टर को नजरअंदाज किया।
लेकिन, जब तीसरी बार भी रिपोर्टर ने उनसे वहीं सवाल पूछते हुए मुंह के पास माइक बढ़ाया तो जिग्नेश भड़क गए और रिपोर्टर का माइक पकड़ लिए। माइक पकड़ने के बाद जिग्नेश रिपोर्टर से बोले कि आपको समझ में नहीं आ रहा मैं आपसे बात नहीं करना चाहता। बार-बार मुंह में माइक क्यों घुसेड़ रहे हो।
#CongSponsorsJignesh | Jignesh Mevani gets violent; snatches Republic's michttps://t.co/ovtqkG53xC
— Republic (@republic) January 5, 2018
इस घटना के बाद रिपब्लिक टीवी का कहना है कि महाराष्ट्र हिंसा में जिग्नेश मेवानी का कांग्रेस से लिंक होने की बात पर वह भड़के थे। जबकि जिग्नेश ने खुद ट्वीट कर इस दावे को खारिज किया है।
जिग्नेश ने लिखा है कि बीजेपी की तरह झूठ मत फैलाओ। मैंने माइक इसलिए हटाया था क्योंकि आप बार-बार मेरे मुंह के पास माइक घुसा रहे थे।
#BJPSponsorsRepublic |
Don't spread ur lies like BJP.
I was removing mike after it was repeatedly showed up on my face. https://t.co/KlfAwsQ34C— Jignesh Mevani (@jigneshmevani80) January 5, 2018
बता दें कि, शुक्रवार (5 जनवरी) को देश की राजधानी दिल्ली में प्रेस कॉन्फेंस कर जिग्नेश मेवानी ने महाराष्ट्र हिंसा में नाम आने पर अपनी बात रखी। मेवाणी ने इस दौरान खुद पर लगे भड़काऊ भाषण देने के आरोपों को पूरी तरह नकारा। जिग्नेश ने कहा कि गुजरात में भाजपा 150 सीट की बात कर रही थी लेकिन उसे 99 मिली इससे वो चिढ़ी हुई है।
गुजरात में मैंने घमंड तोड़ा, इसलिए उन्हें 2019 में खतरा दिख रहा है। इसी कारण से मेरे ऊपर एफआईआर दर्ज की गई है। साथ ही जिग्नेश ने कहा कि मुझे सिर्फ इसलिए निशाना बनाया जा रहा है क्योंकि मोदी सरकार मेरा कद बढ़ता देख घबराई हुई है।
उन्होंने कहा कि मैं उस स्पॉट पर नहीं गया जहां हिंसा हुई, मैंने बंद में हिस्सा नहीं लिया और मेरे भाषण का कोई हिस्सा भड़ाकाऊ नहीं है। मेवाणी ने कहा कि मेरा पूरा भाषण फेसबुक पर है और हर कोई इसे सुन सकता है, इसमें कुछ भी गलत नहीं है। इसके बावजूद मेरे ऊपर मुकदमे की वजह मुझे समझ में हीं आती है।