BARC के पूर्व CEO पार्थ दासगुप्ता और अर्नब गोस्वामी के कथित व्हाट्सएप चैट में दावा- ‘रिपब्लिक टीवी’ के संस्थापक को पहले से थी बालाकोट एयर स्ट्राइक की जानकारी, यूजर्स ने एंकर के खिलाफ की कार्रवाई की मांग

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अंग्रेजी समाचार चैनल ‘रिपब्लिक टीवी’ के संस्थापक अर्नब गोस्वामी और ब्रॉडकास्ट ऑडियंस रिसर्च काउंसिल (बार्क) के पूर्व कार्यकारी अधिकारी पार्थ दासगुप्ता के कथित व्हाट्सएप चैट इस समय सोशल मीडिया पर खूब वायरल हो रहे हैं। इस कथित व्हाट्सएप चैट में अर्नब गोस्वामी बालाकोट में भारतीय सेना द्वारा किए गए एयर स्ट्राइक की जानकारी होने का भी दावा कर रहा है। इन चैटों को लेकर अर्नब गोस्वामी सोशल मीडिया यूजर्स के निशाने पर आ गए हैं, लोग उनकी जमकर आलोचना कर रहे हैं। यूजर्स अब गोस्वामी के खिलाफ कार्रवाई की भी मांग कर रहे हैं।

अर्नब गोस्वामी

वायरल कथित व्हाट्सएप चैट में दासगुप्ता से गोस्वामी कहते है, “एक और कुछ बड़ा होने वाला है।” दासगुप्ता ने पूछा, “दाऊद?” इसपर गोस्वामी ने स्पष्ट किया, “नहीं सर, पाकिस्तान, इस बार कुछ बड़ा किया जाएगा।” दासगुप्ता ने पूछा, “स्ट्राइक”। इसपर गोस्वामी ने कहा, “एक सामान्य स्ट्राइक की तुलना में बड़ा। और साथ ही कश्मीर पर कुछ प्रमुख भी। पाकिस्तान पर, सरकार हमला करने के लिए तैयार हैं। इसपर दासगुप्ता ने कहा कि यह बड़े आदमी (पीएम मोदी) के लिए अच्छी खबर होगी।

अन्य चैट में गोस्वामी कह रहा है कि चुनाव में अब हमारी जीत पक्की है। अब ऐसे में सोशल मीडिया यूजर्स यह सवाल उठा रहे है कि, क्या भाजपा और मोदी सरकार सेना की खुफिया जानकारी भी अर्नब गोस्वामी के साथ साझा करती रही है। यूजर्स सवाल उठा रहे हैं कि, आखिरकार अर्नब को पुलवामा हमला, बालाकोट एयर स्ट्राइक आदि की जानकारी पहले से कैसे थी? यूजर्स गोस्वामी के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

देखें कुछ ऐसे ही ट्वीट:

कथित व्हाट्सएप चैट में गोस्वामी की प्रधानमंत्री कार्यालय और सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय से नजदीकी दिखाते हैं, साथ में यह भी दिखाते हैं कि किस तरह उन्होंने अपनी पहुंच का दुरूपयोग किया। कथित व्हाट्सएप चैट में दासगुप्ता और अर्नब गोस्वामी के बीच कई और मुद्दों पर भी बातचीत हुई हैं।

गौरतलब है कि, जम्‍मू कश्‍मीर के पुलवामा में 14 फरवरी 2019 को जैश-ए-मोहम्मद के आतंकवादी ने विस्फोटकों से लदे वाहन से केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जवानों की बस को टक्कर मार दी थी, इस आतंकी हमले में CRPF के 40 से ज्यादा जवान शहीद हो गए थे। इस घटना ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया था।

पुलवामा में हुए आतंकवादी हमले के बाद 26 फरवरी 2019 को बालाकोट में स्थित जैश-ए-मोहम्मद के प्रशिक्षण शिविर पर हवाई हमला किया था। पुलवामा हमला ठीक लोकसभा चुनाव से पहले हुआ था।

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