BJP नेता नूपुर शर्मा पर गैर जमानती धाराओं के तहत मामला दर्ज, बंगाल की बताकर शेयर की थी गुजरात दंगो की तस्वीर

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पश्चिम बंगाल के बशीरहाट में हिंसक घटनाओं को लेकर फर्जी तस्वीर शेयर करने के मामले में भारतीय जनता पार्टी(बीजेपी) के प्रवक्ता नूपुर शर्मा की मुश्किलें बढ़ गई हैं। इस मामले में शर्मा के खिलाफ दो अलग-अलग शिकायत दर्ज की गई है। खास बात यह है कि शर्मा के खिलाफ यह शिकायतें गैरजमानती धाराओं के तहत दर्ज हुई हैं। बता दें कि इस फर्जी तस्वीर का सबसे पहले ‘जनता का रिपोर्टर’ ने खुलासा किया था।इंडिया टुडे के मुताबिक, तृणमूल कांग्रेस के समर्थक द्वारा पहली शिकायत दक्षिण कोलकाता के रिजेन्ट पार्क थाने में कराई गई है, जबकि दूसरा FIR गारियाहत पुलिस थाने में कई गैर-जमानती धाराओं के तहत दर्ज की गई है। बता दें कि बीजेपी प्रवक्ता नूपुर शर्मा ने बंगाल दंगों की बताकर 2002 में हुए गुजरात दंगों की तस्वीरें शेयर कर हंगामा खड़ा कर दिया था।

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बीजेपी नेत्री नूपुर शर्मा ने शनिवार(8 जुलाई) को लोगों से दिल्ली की जंतर मंतर पर आने का आह्वान करते हुए ‘बंगाल को बचाने’ और ‘हिंदुओं को बचाने’ की गुजारिश की थी। साथ ही शर्मा ने लिखा था, “बोलो, क्योंकि पहले ही बहुत देर हो चुकी है! आज शाम 5 बजे जंतर मंतर आइए। साथ ही उन्होंने #सेवबंगाल और #सेवहिंदू का हैशटैक लगाई थीं।

हालांकि, बीजेपी नेत्री ने अपने ट्वीट में जिस तस्वीर का इस्तेमाल किया था, वह 2002 में हुए मुस्लिम विरोधी गुजरात दंगों की थी, जिसमें 2000 से अधिक लोग मारे गए थे। उस वक्त नरेंद्र मोदी(वर्तमान में प्रधानमंत्री) गुजरात के मुख्यमंत्री थे।

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पूर्व में कई अखबारों और वेबसाइटों पर गुजरात दंगे की लेखों में यह तस्वीर सामने आ चुकी है। इसके अलावा प्रसिद्ध अमेरिकी अखबार द न्यूयॉर्क टाइम्स में एलेन बैरी द्वारा लिखे गए एक लेख में इसी फोटो का इस्तेमाल किया गया है। जो 2 जून 2016 को प्रकाशित हुआ था।

इतना ही इसी तस्वीर को 16 अप्रैल 2014 को बीजेपी समर्थक हिंदी अखबार दैनिक जागरण ने भी इस्तेमाल किया था। जिसमें बताया गया था कि 2002 के दंगा पीड़ितों के पांच वकीलों को पेशागत कदाचार के आरोपों से मुक्त कर दिया गया है। रिपोर्ट में बताया गया है कि गुजरात बार काउंसिल के अध्यक्ष अनिल केल्ला ने कहा कि वकीलों के स्पष्टीकरण से हम संतुष्ट हैं और उनके खिलाफ आगे कोई कार्रवाई करने की जरूरत नहीं है।

नूपुर शर्मा के अलावा बीजेपी के राज्यसभा के सांसद स्वपन दासगुप्ता भी बंगाल हिंसा को लेकर एक सभा को संबोधित कर रहे हैं, जिसमें गुजरात दंगों की तस्वीरों का ही इस्तेमाल किया गया है। इस फर्जी तस्वीर को लेकर सोशल मीडिया पर नूपुर शर्मा और स्वपन दासगुप्ता की जमकर आलोचना हुई थी।

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