कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने आगरा जिला प्रशासन और उत्तर प्रदेश बाल अधिकार संरक्षण आयोग की ओर से हाल में दिए गए नोटिस को लेकर शुक्रवार (26 जून) को कहा कि राज्य सरकार अपने विभागों के माध्यम से चाहे जितनी धमकी दे ले, लेकिन वह इंदिरा गांधी की पोती हैं और जनता के प्रति कर्तव्य निभाते हुए उनके सामने सच्चाई रखती रहेंगी।

प्रियंका गांधी वाड्रा ने ट्वीट कर कहा, ‘‘जनता के एक सेवक के रूप में मेरा कर्तव्य यूपी की जनता के प्रति है, और वह कर्तव्य सच्चाई को उनके सामने रखने का है। किसी सरकारी दुष्प्रचार को आगे रखना नहीं है।’’ कांग्रेस की उत्तर प्रदेश प्रभारी ने कहा, ‘‘उप्र सरकार अपने अन्य विभागों द्वारा मुझे फिज़ूल की धमकियां देकर अपना समय व्यर्थ कर रही है। जो भी कार्यवाही करना चाहते हैं, बेशक करें। मैं सच्चाई सामने रखती रहूंगी। मैं इंदिरा गांधी की पोती हूं, कुछ विपक्ष के नेताओं की तरह भाजपा की अघोषित प्रवक्ता नहीं।’’
.. जो भी कार्यवाही करना चाहते हैं, बेशक करें। मैं सच्चाई सामने रखती रहूँगी। मैं इंदिरा गांधी की पोती हूँ, कुछ विपक्ष के नेताओं की तरह भाजपा की अघोषित प्रवक्ता नहीं।..2/2
— Priyanka Gandhi Vadra (@priyankagandhi) June 26, 2020
गौरतलब है कि, उत्तर प्रदेश राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने प्रियंका को कानपुर स्थित बालिका संरक्षण गृह से जुड़े मामले पर ‘भ्रामक’ टिप्पणी करने के आरोप में गुरुवार को एक नोटिस भेजा और उनसे तीन दिन के अंदर जवाब मांग है। नोटिस में कहा गया है कि अगर वह अपनी पोस्ट का खंडन नहीं करती हैं तो उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। कुछ दिनों पहले आगरा के एक मेडिकल कॉलेज में 48 घंटे के भीतर 28 लोगों की मौत के दावे को लेकर प्रियंका द्वारा किए गए ट्वीट पर भी जिला प्रशासन ने उन्हें नोटिस जारी किया था।
इससे पहले कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने पेट्रोल और डीजल की कीमतों में लगातार हो रही बढ़ोतरी को लेकर बृहस्पतिवार को आरोप लगाया कि संकट के समय भी भाजपा सरकार जनता की जेब काटने में लगी है। (इंपुट: भाषा के साथ)