दिल्ली की केजरीवाल सरकार ने गुरुवार(22 मार्च) को अपना बजट पेश किया। दिल्ली सरकार के वित्त मंत्री मनीष सिसोदिया ने विधानसभा में कहा कि कुल बजट 53,000 करोड़ रुपये का है। मनीष सिसोदिया ने विधानसभा में अपनी सरकार का बजट पेश करते हुए कहा कि, हमारा लक्ष्य राजधानी में रहने वाले गरीबों और मध्य वर्ग के लोगों को लाभ पहुंचाना है।
photo- The Financial Expressमीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, मनीष सिसोदिया ने बजट भाषण की शुरुआत रोजगार की स्थिति पर चिंता जताते हुए किया। उन्होंने कहा कि, निचले स्तर पर विकास नहीं हो रहा। आर्थिक असमानता बढ़ रही है, इस पर ध्यान देना जरूरी है। इस बजट में पर्यावरण, स्वास्थ्य, शिक्ष और पानी पर विशेष ध्यान दिया गया है।
नवभारत टाइम्स की ख़बर के मुताबिक, सिसोदिया ने कहा कि उनकी सरकार के पिछले 3 साल के कार्यकाल में दिल्ली का बजट 30,900 करोड़ से बढ़कर 53000 करोड़ हुआ है। नगर निगम को इस साल कुल बजट का 13 फीसदी आवंटन किया गया है। सिसोदिया ने बताया कि निगम एरिया में टूटी सड़कों की मरम्मत के लिए अलग से 1000 करोड़ रुपये का प्रस्ताव किया गया है।
विधानसभा के बजट सत्र में उपमुख्यमंत्री ने कहा कि शहर के प्रदूषण से प्रभावी तरीके से निपटने के लिए सरकार ने अपना पहला ‘हरित बजट’ पेश किया है। रिपोर्ट के मुताबिक, साथ ही उन्होंने कहा कि, ‘हम परिवहन, ऊर्जा, पर्यावरण और पीडब्ल्यूडी के 26 कार्यक्रम और योजनाएं शुरू करने वाले हैं ताकि प्रदूषण नियंत्रण और विभिन्न प्रदूषकों का स्तर कम करने के लिए एकीकृत प्रणाली तैयार की जा सके।’
जानिए बजट की कुछ खास बातें :
दिल्ली के सरकारी स्कूलों में 1 लाख 20 हजार सीसीटीवी लगाए जाने का प्रस्ताव, हर स्कूल में 150 से ज्यादा सीसीटीवी होंगे! अभिभावक इंटरनेट के ज़रिए अपने बच्चों को देख सकेंगे।
दिल्ली के अंबेडकर नगर और द्वारका में नए सरकारी अस्पताल! तीन स्तरीय स्वास्थ्य ढांचे के तहत 164 मोहल्ला क्लिनिक बने, 520 के लिए नए स्थान का चयन हुआ! मोहल्ला क्लीनिक के लिए 403 करोड़ का बजट प्रस्तावित।
दिल्ली में सीएनजी फिट गाडियां सस्ती होंगी! कंपनी फिट सीएनजी वाली गाड़ियों के रजिस्ट्रेशन फीस में 50% छूट का प्रस्ताव।
दिल्ली में हर किसी के स्वास्थ का बीमा करवाएगी सरकार, स्वास्थ बीमा के लिए 100 करोड़ रुपये का प्रस्ताव।
वरिष्ठ नागरिकों के लिए मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना की शुरुआत के लिए 53 करोड़ का प्रस्ताव, एलजी की मंजूरी मिलना बाकी।
(नोट: यह खास बातें एनडीटीवी की रिपोर्ट में प्रकाशित किया गया है)