देश की राजधानी दिल्ली से सटे उत्तर प्रदेश में नोएडा के सेक्टर-18 में बाइक पर गलत दिशा से आ रहे पुलिस कर्मियों को टोकना एक पत्रकार को भारी पड़ गया और नाराज पुलिस वालों ने कथित तौर पर पत्रकार की जमकर पिटाई कर दी और उसे रात भर थाने में रखा। वहीं, एसएसपी ने इन आरोपों को खारिज किया हैं।
दिल्ली निवासी पीड़ित राहुल काद्यान एक समाचार चैनल में पत्रकार हैं। समाचार चैनल ‘इंडिया न्यूज’ के लिए काम करने वाले पत्रकार राहुल काद्यान ने बताया कि गुरुवार की रात वह अपने दोस्त राजीव श्रीवास्तव के साथ सेक्टर-18 आए थे। उन्होंने बताया कि दोनों रात में सेक्टर-18 मेट्रो स्टेशन के नीचे कैब के इंतजार में खड़े थे। इसी दौरान बाइक सवार दो पुलिसकर्मी गलत दिशा से बगैर हेलमेट पहने तेजी से जा रहे थे। इस पर राहुल ने पुलिसकर्मियों को टोक दिया कि देख के चलाइए, मार देंगे क्या।
इसके बाद वर्दी के नशे में चूर दोनों पुलिसकर्मी राहुल के पास पहुंचे, तो राहुल ने अपना परिचय दिया। तभी दोनों पुलिसकर्मियों ने राहुल व राजीव के साथ मारपीट शुरू कर दी। जानकारी के अनुसार मारपीट में पीड़ितों को चोटें भी आई है। पुलिसकर्मियों की पिटाई में पत्रकार का मोबाइल भी टूट गया। जिसकी वजह से वो अपने घरवालों को फोन तक नहीं कर पाए।
पीड़ित के मुताबिक, मारपीट के बाद पुलिसकर्मी वहां से चले गए और थोड़ी देर बाद इन दोनों पुलिसकर्मियों के साथ कार मैं सवार होकर तीन अन्य पुलिसकर्मी आ गए। इसके बाद पांचों पुलिसकर्मियों ने मिलकर पहले मेट्रो स्टेशन के नीचे सड़क पर लाठी-डंडों से दोनों की पिटाई की। इस दौरान राजीव वहां से किसी तरह निकल गया। पुलिसकर्मी राहुल को सेक्टर-18 पुलिस चौकी ले गए। वहां भी पुलिस वालों ने उसके साथ जमकर मारपीट की। पुलिस वालों ने लाठी मारकर उसका मोबाइल तोड़ दिया। इसके बाद उसे रात भर कोतवाली सेक्टर-20 में रखा और सुबह वहां से छोड़ दिया गया।
पत्रकार राहुल काद्यान की नोएडा में पिटाई,आरोपी पुलिसकर्मियों ने पीटा, लेकिन पुलिस का दावा शराब के नशे में थे राहुल और पार्टी से लौटे वक़्त उनका कुछ लोगों से झगड़ा हुआ उन लोगों ने राहुल को पीटा pic.twitter.com/fP5Swt6GKj
— Mukesh singh sengar (@mukeshmukeshs) September 21, 2019
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक गौतमबुद्ध नगर वैभव कृष्ण ने बताया कि इस प्रकरण की जांच क्षेत्राधिकारी प्रथम श्वेताभ पांडे से कराई जा रही है। जांच के बाद अगर पुलिस वाले दोषी पाए जाते हैं तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। नोएडा मीडिया क्लब ने पत्रकारों के साथ पुलिसकर्मियों द्वारा की गई मारपीट पर गहरी नाराजगी व्यक्त की गई।
बेहद निंदनीय है,पुलिस वालों को चोर/बदमाश और आम लोगो में कोई फर्क नजर नहीं आता क्या? एक पत्रकार को इस तरह से क्यों पीटा गया? उसने कौन सी गलती कर दी? @Uppolice @dgpup https://t.co/JKml47dMiY
— Chitra Tripathi (@chitraaum) September 20, 2019
SSP नोएडा ने आरोपों को किया खारिज
SSP नोएडा ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर आरोपों का खंड़न किया है। एसएसपी ने कहा पत्रकार को घायल करने के मेरे 2 कांस्टेबलों पर आरोप गलत पाया गया। विक्टिम पत्रकार को नशे में धुत लोगों ने मौके पर ही पिटाई की है। जिसकी पहचान की जाएगी। नोएडा पुलिस अपने लोगों के अनुशासन के लिए प्रतिबद्ध है।
नोएडा पुलिस द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक, 20 सितंबर की शाम को सोशल मीडिया पर एक समाचार प्रसारित हुआ। जिसमें यह आरोप लगाया गया था एक पत्रकार राहुल कादयान को थाना सेक्टर 20 पर तैनात दो सिपाहियों द्वारा पिटाई की गई है। जिसमें मीडिया कर्मी राहुल कादयान को गंभीर चोटें आई हैं। इसकी जानकारी मिलते ही एसएसपी नोएडा वैभव कृष्ण ने एक तथ्यात्मक जांच क्षेत्राधिकारी प्रथम श्वेता पांडे से कराई इस जांच में इस पूरे मामले का खुलासा हुआ।
प्रेस विज्ञप्ति में लिखा गया है कि, सीओ श्वेताभ पांडे द्वारा की गई जांच के मुताबिक राहुल कादयान इंडिया न्यूज़ चैनल में स्पोर्ट्स प्रोड्यूसर के पद पर तैनात है। जो 19 सितंबर को अपने साथी राजीव के साथ अपने एक मित्र के जन्मदिन के समारोह जो डीएलएफ मॉल के एक बार में मनाया जा रहा था उसमें शामिल हुए थे। समारोह में अत्यधिक शराब सेवन करने के बाद राहुल मित्र राजीव के साथ सेक्टर 18 मेट्रो के नीचे कब का इंतजार कर रहे थे। इसी बीच 6-7 अज्ञात व्यक्तियों द्वारा उन पर और उनके मित्र राजीव पर हमला कर दिया। जिसमें यह प्रतीत होता है कि यह हमला पूर्व के किसी विवाद को लेकर हुआ था।
यह सारा घटनाक्रम गुलाटी रेस्टोरेंट के सामने मेट्रो स्टेशन के नीचे हुआ। जिसके चश्मदीद साक्षी रेस्टोरेंट के मैनेजर चंद्र कुमार हैं। चंद्र कुमार ने बताया कि जब यह झगड़ा हो रहा था। इसी बीच में भी वहां पहुंचा। राहुल कादयान के द्वारा मारपीट करने वाले लोगो ने इनके साथ अपने बैग से मारपीट की। जिसमें इनके आंख पर चोट आई और इनका एक दांत टूट गया। उस वक्त तक वहां कोई पुलिसकर्मी मौजूद नहीं था।
Allegation on 2 of my constables of injuring a Journalist found false.Victim Journalist was over drunk & beaten by sum men on spot who will be identified.Noida Police is & will be committed to discipline of its men @dgpup @Uppolice @upgovt @myogiadityanath @ANINewsUP @PTI_News pic.twitter.com/dQOPwNK5yn
— SSP NOIDA (@sspnoida) September 20, 2019