भारतीय वायुसेना का लापता फाइटर प्लेन सुखोई का मलबा मिल गया है। प्लेन का मलबा असम के तेजपुर से करीब 60 किलोमीटर दूर चीन सीमा के पास जंगलों में मिला है। मंगलवार को सुखोई-30 जेट का रडार से संपर्क टूट गया था, उसके बाद से वह विमान लापता था।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, सुखोई -30 लड़ाकू विमान का मलबा उसी जगह के पास से मिला है जहां से उसका आखिरी बार संपर्क टूटा था। ख़बरों के अनुसार, अभी वहां मौसम बहुत खराब है साथ ही घना जंगल भी है, इस वजह से परेशानी आ रही है। गौरतलब है कि, असम के तेजपुर एयरबेस से दो सीटों वाले इस विमान ने सुबह 10.30 बजे उड़ान भरी थी लेकिन 11.10 बजे के बाद इसका रेडियो और रडार संपर्क टूट गया।
इस विमान ने तेजपुर के 60 किलोमीटर उत्तर पश्चिम की उड़ान भरी थी और उसके बाद से ही लापता हो गया। यहां से चीन की सीमा करीब 200-250 किमी से कम दूरी पर है। बता दें कि सुखोई- 30 एयरक्राफ्ट वर्तमान में दुनिया के बहतरीन लड़ाकू विमानों में एक है। इस विमान की लागत लगभग 350 करोड़ रुपये हैं। इस विमान में दो इंजन होते हैं और इसका निर्माण रूस की कंपनी सुखोई एविएशन ने किया है।



















