पिछले दिनों 12 जनवरी को बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के काफिले पर पत्थरबाजी हुई थी। यह पत्थरबाजी बक्सर जिले के नंदन गांव में नीतीश कुमार के काफिले पर विकास कार्यों की समीक्षा यात्रा के दौरान हुई थी। बीते साल दिसंबर में बगहा से इस यात्रा की शुरुआत ही किसानों के विरोध प्रदर्शन के बीच हुई थी, लेकिन 12 जनवरी को जिस तरीके से मुख्यमंत्री पर हमला हुआ वह हैरान कर देने वाला था।
(फोटोः आरजेडी के टि्वटर अकाउंट से)डुमरांव प्रखंड के इस गांव से जैसे ही मुख्यमंत्री का काफिला लौटने लगा सड़क किनारे खड़े लोगों ने हमला कर दिया। जिस सड़क पर मुख्यमंत्री के स्वागत में नारे लिखे गए थे उसी सड़क पर ईंट-पत्थर बरसने लगे। बाद में राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने आरोप लगाया कि सीएम नीतीश का काफिला गांव से निकलने के बाद पुलिस ने भीड़ पर काबू पाने के लिए महादलित परिवारों पर बहुत गुस्सा निकाला।
अब वहां के लोगों को सांत्वना देने के लिए बिहार के पूर्व उपमुख्यमंत्री और आरजेडी नेता तेजस्वी यादव शनिवार को बक्सर में उस नंदन गांव के दौरे पर गए थे। जहां मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से कथित तौर पर नाराज महादलित समाज के लोगों ने पथराव किया था। आरजेडी का कहना है कि सीएम नीतीश के ऊपर हमला करने वाले इन महादलित परिवारों को पुलिसिया कहर का सामना करना पड़ रहा है। इसलिए उन्हीं का दर्द बांटने के लिए तेजस्वी यादव नंदन गांव पहुंचे थे।
तेजस्वी पर बरसे फूल
सबसे दिलचस्प बात यह है कि जब तेजस्वी यादव नंदन गांव पहुंचे तो वहां के महादलित परिवार के लोगों ने फूलों की बारिश कर उनका स्वागत किया। स्वागत से उत्साहित आरजेडी ने भी अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट से तेजस्वी की तस्वीरें शेयर करते हुए कहा कि नंदन गांव में जो मुख्यमंत्री पर पत्थर बरस रहे थे वहीं तेजस्वी पर फूल बरस रहे हैं।
बिहार में एक तरफ मुख्यमंत्री नीतीश पर पत्थर बरस रहे है तो वही दूसरी तरफ विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव पर फूल। pic.twitter.com/AO704V5IS2
— Rashtriya Janata Dal (@RJDforIndia) January 20, 2018
तेजस्वी पर फूल क्या बरसे राज्य में सत्तारूढ़ जनता दल यूनाईटेड (जदयू) परेशान हो गई। जदयू ने तेजस्वी यादव पर हमला करते हुए कहा कि भाड़े के लोगों से अपने ऊपर फूल बरसाकर तेजस्वी ने ग्रीन कारपेट पॉलिटिक्स की शुरुआत कर दी है। पार्टी प्रवक्ता संजय सिंह ने ट्विटर के जरिए कहा कि तेजस्वी की राजनीति का असली चेहरा सामने आ चुका है, क्योंकि वह नंदन गांव गए थे, वहां के महादलित परिवारों को सांत्वना देने मगर वहां पर उन्होंने भाड़े के लोगों से अपने ऊपर फूलों से बारिश करवाई।
संजय सिंह ने तेजस्वी पर तंज कसते हुए कहा कि ग्रीन कारपेट पॉलिटिक्स में अब उनकी एंट्री हो चुकी है। जदयू प्रवक्ता ने आगे कहा कि तेजस्वी को वैसे भी बिहार की जनता अनुकंपा के नेता के तौर पर ही देखती है। जेडीयू प्रवक्ता ने तंज कसते हुए कहा कि तेजस्वी को बिहार की जनता अनुकंपा नेता के तौर पर लेती है, इसलिए ऐसा स्वागत हुआ। सिंह ने कहा कि तेजस्वी यादव ने नंदर गांव का दौरा कर लोकतंत्र की उन सभी मर्यादाओं को तोड़ा है जिससे अबतक लोकतंत्र बचा हुआ था।