नेवी पर भड़के गडकरी, बोले- ‘पाकिस्तान सीमा पर जाओ, मुंबई में नहीं मिलेगी एक इंच जमीन’, कांग्रेस ने बताया नौसेना का अपमान

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केंद्रीय पोत परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने गुरुवार (11 जनवरी) को कहा कि नौसेना को आवास बनाने के लिए दक्षिण मुंबई में एक इंच भी जमीन नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा कि नौसेना के सभी अधिकारियों को आलीशान दक्षिण मुंबई इलाके में रहने की जरूरत क्यों आन पड़ी है, जबकि उन्हें पाकिस्तान सीमा पर होना चाहिए।

फाइल फोटो: Indian Express

न्यूज एजेंसी भाषा की रिपोर्ट के मुताबिक गडकरी ने दक्षिण मुंबई के मालाबार हिल में एक तैरते पुल की योजना पर नौसेना के विरोध पर निराशा प्रकट करते हुए यह बात कही। यहां एक तैरता होटल और सीप्लेन सेवा शुरू करने की योजना है। उन्होंने यहां पश्चिमी नौसैनिक कमान के प्रमुख वाइस एडमिरल गिरीश लूथरा की मौजूदगी में मुंबई में एक सार्वजनिक समारोह में यह बात कही।

गडकरी ने कहा कि, ‘दरअसल नौसेना की जरूरत सीमाओं पर है जहां से आतंकवादी घुसपैठ करते हैं। हर कोई (नौसेना में) दक्षिण मुंबई में क्यों रहना चाहता है? वे मेरे पास आए थे और भूखंड मांग रहे थे। मैं एक इंच भी जमीन नहीं दूंगा। कृपया दोबारा मेरे पास नहीं आइए।’

उन्होंने कहा कि, ‘सभी दक्षिण मुंबई की अहम जमीन पर क्वार्टर और फ्लैट बनवाना चाहते हैं। हम आपका (नौसेना का) सम्मान करते हैं, लेकिन आपको पाकिस्तान सीमा पर जाना चाहिए और गश्त करनी चाहिए।’ गडकरी ने कहा कि कुछ महत्वपूर्ण और वरिष्ठ अफसर मुंबई में रह सकते हैं।

समुद्र के पूर्वी किनारे पर राज्य सरकार द्वारा संचालित मुंबई बंदरगाह ट्रस्ट और महाराष्ट्र सरकार द्वारा संयुक्त रूप से विकसित की जा रही जमीन का इस्तेमाल स्थानीय नागरिकों के लाभ के लिए ही किया जाएगा। दक्षिण मुंबई में नौसेना की अच्छी खासी मौजूदगी है और इस इलाके में पश्चिमी नौसैनिक कमान का मुख्यालय है। दक्षिण मुंबई के ही कोलाबा स्थित नेवी नगर में नौसेना के आवासीय क्वार्टर हैं।

गडकरी ने कहा कि, ‘मैंने सुना कि आपने (नौसेना ने) मालाबार हिल पर तैरते पुल (फ्लोटिंग जेटी) के निर्माण की योजना पर रोक लगा दी। जबकि हाई कोर्ट से इसे मंजूरी मिल गई है।’ उन्होंने दावा किया कि इस तरह की विकास परियोजनाओं को रोकना आदत बन गई है। गडकरी ने कहा कि नौसेना को मालाबार हिल इलाके से क्या लेनादेना जो मुख्य रूप से एक निजी आवासी क्षेत्र हे और जहां महाराष्ट्र सरकार के तथा मुख्यमंत्री के सरकारी आवासी भी हैं।

गडकरी ने कहा कि, ‘मालाबार हिल में नौसेना कहां है? मालाबार हिल में कहीं नौसेना नहीं है और नौसेना को इस इलाके से कोई लेनादेना नहीं है।’ केंद्रीय मंत्री ने नौसेना को मुद्दे का हल निकालने के लिए बातचीत का न्योता दिया। उन्होंने कहा कि वह रुकी हुई बुनियादी ढांचे की परियोजनाओं के लिए समिति के अध्यक्ष हैं। उन्होंने कहा कि परियोजनाएं जैसे ही एजेंडे में आती हैं, उन्हें मंजूरी मिल जाती है। गडकरी ने कहा कि, ‘हम सरकार हैं। नौसेना और रक्षा मंत्रालय सरकार नहीं हैं।’

कांग्रेस ने बताया नौसेना का अपमान

कांग्रेस ने केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी के बयान की निंदा करते हुए कहा कि उन्होंने ऐसा कहकर नौसेना का अपमान किया है। कांग्रेस के मीडिया प्रभारी रणदीप सिंह सुरजेवाला ने ट्वीट करते हुए कहा कि उनका इस तरह का बयान शर्मनाक और अस्वीकार्य है और ऐसा कहकर उन्होंने भारतीय नौसेना के पराक्रम और प्रतिबद्धता का अपमान किया है। छद्म राष्ट्रवादी भारतीय जनता पार्टी अब देश की सशस्त्र सेनाओं को बफादारी के प्रमाण पत्र जारी करना चाहती है।

 

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