VIDEO: बीजेपी की महिला विधायक साधना सिंह ने मायावती के खिलाफ दिया विवादित बयान, बीएसपी का पलटवार, अखिलेश यादव ने बताया देश की महिलाओं का अपमान

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उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले की मुगलसराय विधानसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) की विधायक साधना सिंह ने बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) चीफ मायावती के खिलाफ विवादित बयान दिया है। साधना सिंह ने मायावती को किन्नर से भी बदतर बताते हुए कहा कि वह न महिला हैं और न पुरुष। उनके इस बयान का एक वीडियो भी सामने आया है, जो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। साधना सिंह के विवादित बयान पर घमासान मच गया है, बसपा व सपा ने पलटवार कर बीजेपी पर निशाना साधा है।

साधना सिंह

एक कार्यक्रम में बोलते हुए साधना सिंह ने गेस्ट हाउस कांड का जिक्र करते हुए कहा, ‘जिस महिला का इतना बड़ा चीरहरण हो, वह सत्ता के लिए आगे नहीं आती है। इनका सब कुछ लुट गया लेकिन फिर भी इन्होंने कुर्सी के लिए अपमान पी लिया।’ उन्होंने आगे कहा, ‘जिस दिन महिला का ब्लाउज, पेटीकोट और साड़ी फट जाए, वह महिला सत्ता के लिए आगे नहीं आती है। उसको पूरे देश की महिला कलंकित मानती है, वह तो किन्नर से भी ज्यादा बद्तर है क्योंकि वह तो ना नर है और ना महिला है।’

साधना सिंह के इस विवादित बयान पर बहुजन समाज पार्टी(बसपा) ने तीखा पलटवार किया है। बीएसपी नेता सतीश चंद्र मिश्रा ने कहा, ‘उन्होंने (साधना सिंह) हमारी पार्टी अध्यक्ष के लिए जिस तरह के शब्दों का इस्तेमाल किया है, वे बीजेपी का स्तर दिखाते हैं। एसपी-बीएसपी के गठबंधन की घोषणा के बाद बीजेपी नेताओं ने अपना मानसिक संतुलन खो दिया है और उन्हें आगरा और बरेली के मेंटल हॉस्पिटलों में एडमिट कराना चाहिए।’

समाजवादी पार्टी (सपा) अध्यक्ष अखिलेश यादव ने खुद ट्वीट कर कहा कि यह बीजेपी के नैतिक दिवालियापन और हताशा का प्रतीक है। उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने अपने ट्वीट में लिखा, “मुगलसराय से भाजपा की महिला विधायक ने जिस तरह के आपत्तिजनक अपशब्द सुश्री मायावती जी के लिए प्रयोग किए हैं वे घोर निंदनीय हैं। ये भाजपा के नैतिक दिवालियापन और हताशा का प्रतीक है, ये देश की महिलाओं का भी अपमान है।”

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