प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में मंगलवार (15 मई) को बड़ा हादसा हो गया। वाराणसी कैंट में एक निर्माणाधीन फ्लाइओवर के गिरने से 18 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोगों के मलबे में फंसे होने की आशंका है। मलबे में दबे लोगों में ज्यादातर मजदूरों के होने की आशंका जताई जा रही है। फ्लाईओवर वाराणसी कैंट रेलवे स्टेुशन के समीप बन रहा था। इसका एक हिस्सा अचानक से भरभरा कर गिर गया था। इस हादसे में मरने वालों का आंकड़ा अभी और बढ़ सकता है। क्योंकि सात घायलों में से दो की हालत गंभीर बनी हुई है। जबकि तीन लोगों को मलबे के नीचे से जिंदा निकाला गया है।
PTIप्रशासन ने पुल गिरने के कुछ घंटे बाद ही कार्रवाई करके चार अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया है। वाराणसी में फ्लाईओवर बनाने वाली कंपनी के चीफ प्रोजेक्ट मैनेजर एच सी तिवारी, प्रोजेक्ट मैनेजर केआर सूदन, असिस्टेंट इंजीनियर राजेश सिंह और इंजीनियर लाल चंद को सस्पेंड कर दिया गया है। रिपोर्ट के मुताबिक वाराणसी में चौकाघाट फ्लाईओवर के विस्तारीकरण के तहत पिछले कई माह से कैंट-लहरतारा के बीच काम चल रहा है। फ्लाईओवर की सर्विस लेन से ही वाराणसी से इलाहाबाद, मिर्जापुर, सोनभद्र एवं भदोही जिलों के लिए बसों और दूसरे वाहनों का आवागमन होता है। जिस वक्त दोनों स्लैब गिरे वहां पर जाम लगा हुआ था।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक बिना रूट डायवर्जन के पिलर पर रखे जा रहे दो बीम गिरने से कोहराम मच गया। आधा दर्जन से ज्यादा वाहन इन बीमों के नीचे दब गए, जिसमें से 18 से ज्यादा लोगों की जान चली गई, जबकि कई गंभीर रूप से घायल हैं। एनडीआरएफ, सेना, पुलिस, पीएसी व स्थानीय लोगों की मदद से चार घंटे तक चले राहत और बचाव कार्य के बाद दोनों बीम को मौके से हटा दिया गया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक जांच समिति गठित कर दी है और मृतकों को पांच-पांच लाख और घायलों को दो-दो लाख रुपये देने की घोषणा की है।
देर रात मुख्यमंत्री वाराणसी पहुंचे और अस्पताल में घायलों से मिले। कैंट स्टेशन के करीब शाम 5.20 बजे यह घटना हुई। बीम के नीचे एक रोडवेज बस, एक बोलेरो, दो कार, एक ऑटो रिक्शा और चार बाइक दब गईं। मौके पर अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई। नौ क्रेनों की मदद से दोनों बीम को करीब चार घंटे में उठाया जा सका। हादसे के कारणों की जांच करने एवं विस्तृत रिपोर्ट देने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एपीसी आरपी सिंह की अगुवाई में तीन सदस्यीय जांच समिति बनाई है और 48 घंटे में जांच रिपोर्ट देने को कहा है।
योगी ने उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह और राज्यमंत्री डॉ. नीलकंठ तिवारी को तत्काल मौके पर भेजा है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी हादसे पर शोक व्यक्त करते हुए इसे संज्ञान में लिया। उन्होंने जिला प्रशासन को तेजी से बचाव कार्य करते हुए लोगों की हर संभव मदद करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से त्वरित कार्रवाई करते हुए मलबे में दबे लोगों को निकालने जल्द से जल्द को कहा है।
सीएम योगी खुद भी जल्द वाराणसी पहुंचने वाले हैं। राज्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ सिंह ने कहा कि सीएम योगी ने हादसे पर संवेदना व्यक्त करते हुए उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्या और मंत्री नीलकंठ तिवारी को वाराणसी कैंट क्षेत्र पहुंचने को कहा है।फ़्लाईओवर बना रही एजेंसी सेतु निगम के 4 अफ़सरों को सस्पेंड कर दिया गया है।
प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति ने जताया दुख
प्रधानमंत्री एवं स्थानीय सांसद नरेन्द्र मोदी ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से बात करके स्थिति का जायजा लिया और हादसे में मारे गये लोगों के परिजन के प्रति संवेदना व्यक्त की। साथ ही प्रभावित लोगों की हर सम्भव मदद सुनिश्चित करने को कहा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी हादसे पर सीएम योगी से बात की है। ट्वीट में पीएम ने लिखा, ‘मैंने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से वाराणसी में निर्माणाधीन पुल गिरने से हुए हादसे पर बात की। उत्तर प्रदेश सरकार स्थिति पर करीब से नजर रखे हुए है और हादसे से प्रभावित लोगों की मदद के लिए जमीनी स्तर पर काम कर रही है।’
I spoke to UP CM Yogi Adityanath Ji regarding the situation due to the collapse of an under-construction flyover in Varanasi. The UP Government is monitoring the situation very closely and is working on the ground to assist the affected.
— Narendra Modi (@narendramodi) May 15, 2018
वहीं, राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने भी घटना पर दुख व्यक्त करते हुए शोकाकुल परिवारों के प्रति संवेदनाएं प्रकट की हैं। राष्ट्रपति ने ट्वीट कर लिखा, ‘वाराणसी में फ्लाईओवर निर्माण के स्थल पर हुई दुर्घटना के बारे में जानकर आघात पहुंचा है। प्रशासन द्वारा बचाव कार्य और घायलों की सहायता के सभी प्रयास किये जा रहे है। शोकाकुल परिवारों के प्रति मेरी शोकसंवेदनाएं।’
वाराणसी में फ्लाईओवर निर्माण के स्थल पर हुई दुर्घटना के बारे में जानकर आघात पहुंचा है। प्रशासन द्वारा बचाव कार्य और घायलों की सहायता के सभी प्रयास किये जा रहे है। शोकाकुल परिवारों के प्रति मेरी शोकसंवेदनाएं – राष्ट्रपति कोविन्द
— President of India (@rashtrapatibhvn) May 15, 2018
उपराष्ट्रपति एम वैंकेया नायडू ने ट्वीट कर हादसे में मारे गए लोगों के प्रति संवेदना व्यक्त की है। इस बीच, सपा अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने वाराणसी में हुए हादसे में लोगों को बचाने के लिये अपनी पार्टी के कार्यकर्ताओं से बचाव दल के साथ पूरा सहयोग करने की अपील की। उन्होंने यह भी कहा कि वह सरकार से अपेक्षा करते हैं कि वह केवल मुआवजा देकर अपनी जिम्मेदारी से भागने के बजाय पूरी ईमानदारी से जांच करवाएगी।