आडवाणी पिछले काफी दिनों से संसद में उत्पन गतिरोध पर आज उबल पड़े। संसद में पिछले 15 दिनों से चल रहे हंगामे से खफा बीजेपी के वरिष्ठ नेता और सांसद लालकृष्ण आडवाणी ने संसद में जारी गतिरोध पर नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि संसद में काम होना चाहिए।
आडवाणी ने नई दिल्ली में बुधवार को कहा, ‘लोकसभा अध्यक्ष (सुमित्रा महाजन) और संसदीय कार्यमंत्री (अनंत कुमार) नहीं चाहते हैं कि सदन चले। यहां तक कि कोई भी राजनीतिक दल नहीं चाहता है कि सदन में कामकाज हो। ऐसे में संसद को अनिश्चितकाल के लिए टाला तो नहीं जा सकता?
नोटबंदी के फैसले के बाद संसद में पिछले 15 दिनों से चल रहे हंगामे से खफा बीजेपी के सीनियर लीडर लालकृष्ण आडवाणी का गुस्सा बुधवार को सामने आ गया।
मीडिया रिर्पोट्स के अनुसार, सदन में हंगामे को लेकर उन्होंने ना सिर्फ विपक्ष बल्कि सरकार पर भी नाराजगी जताई।आडवाणी ने कहा, ‘मैं सार्वजनिक रूप से यह कहने जा रहा हूं। मैं स्पीकर से भी कहने जा रहा हूं। इस गतिरोध के लिए दोनों पक्ष जिम्मेदार हैं।’
उन्होंने कहा कि संसदीय कार्य मंत्री अनंत कुमार और स्पीकर सुमित्रा महाजन को सदन चलवाना चाहिए. बाद में सूचना प्रसारण मंत्री वेंकैया नायडू ने कहा कि आडवाणी सदन न चलने पर अपनी निराशा जता रहे थे।
आडवाणी ने संसद में जारी गतिरोध पर नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि हंगामा करने वाले सांसदों का वेतन काट लेना चाहिए। उन्होंने ये भी कहा कि हंगामा करने वाले सांसदों को बाहर कर देना चाहिए। संसद न चलने से आडवाणी इतना नाराज हुए उन्होंने कहा कि सरकार संसद चलवाए। उन्होंने कहा कि संसद में काम होना चाहिए।