दिल्ली पुलिस की एक स्पेशल टीम ने कल जेनएयू के हॉस्टल जाकर उमर खालिद और अनिर्बान भट्टाचार्य के लैपटॉप को अपने कब्ज़े में ले लिया।
दिल्ली पुलिस की यह स्पेशल टीम आतंकवादी गतिविधियों की जांच करती है।
उमर खालिद और अनिर्बान को इसी स्पेशल टीम को सौंप दिया गया है ।
खालिद और अनिर्बान को फरवरी में देशद्रोह के आरोप में में हिरासत में लिया गया था।
सूत्रों ने बताया कि स्पेशल सेल के अधिकारी उन बाहरी लोगों के बारे में भी पता लगाने की कोशिश कर रहे थे जिन्होंने कथित तौर पर भारत विरोधी नारें लगाएं थे।
खालिद और अनिर्बान फ़िलहाल न्यायिक प्रक्रिया के अंतर्गत जेल में बंद हैं।
सूत्रों ने बताया है कि पुलिस उनकी कस्टडी ले सकती है।
उन्होंने बताया कि शुरुवाती पूछताछ में एक कश्मीरी युवक का नाम आया जिसको ढूंढने के लिए एक टीम कश्मीर भी गयी लेकिन वह नहीं मिला।
माना यह जा रहा है कि स्पेशल टीम सरकार की इंटेलिजेंस एजेंसी से भी इस मामले में मदद ले सकती है।
सूत्रों ने बताया है कि पुलिस फ़िलहाल अनिर्बान और खालिद के मोबाइल फ़ोन तो नहीं ढूंढ पायी लेकिन 9 फरवरी के पहले और बाद में होने वाले कॉल रिकार्ड्स निकाल लिए हैं।