सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें दावा किया जा रहा है एक युवक बुलंदशहर जिले में स्थित एक शिव मंदिर में शिवलिंग पर पेशाब कर रहा है। पोस्ट के विवरण में लिखा है, “अब महादेव के मंदिर में घुस पर शिवलिंग पर किया गया पेशाब। बुलंशहर में पवित्र श्रावण माह में जहां चढ़ाया जाना था जल, उसी में घुस कर शिवलिंग पर किया पेशाब।” इस पोस्ट द्वारा यह दावा किया जा रहा है कि ‘यह वीडियो बुलंदशहर के एक शिव मंदिर का है, जिसमे यह युवक शिवलिंग पर पेशाब कर रहा है।’
वीडियो में दावा किया जा रहा है कि यह घटना बुलंदशहर के जहांगीराबाद क्षेत्र का है। हालांकि, उत्तर प्रदेश पुलिस ने इस मामले की जांच की है, जिसमें वायरल हो रहा यह वीडियो फर्जी पाया गया है। इस मामले में फर्जी वीडियो को ट्वीट करने वाले अरविन्द टांक नामक आरोपी को यूपी पुलिस ने तत्काल गिरफ्तार कर लिया है।
अरविन्द टांक नाम के आरोपी ने फर्जी वीडियो के साथ ट्वीट कर लिखा था, “अब महादेव के मंदिर में घुस पर शिवलिंग पर किया गया पेशाब। बुलन्दशहर में पवित्र श्रावण माह में जहां चढ़ाया जाना था जल उसी में घुस कर शिवलिंग पर किया पेशाब।” अरविंद के इस वीडियो को खबर लिखे जाने तक 1600 बार रिट्वीट और 1300 से अधिक लोगों ने लाइक किया है।
इस वीडियो के जवाब में बुलंदशहर पुलिस ने ट्वीट कर लिखा, “उक्त वीडियो का थाना जहांगीराबाद क्षेत्र मे घटित घटना से कोई संबंध नही है। इस फर्जी वीडियो को धार्मिक भावनाओं को आहत करने के उद्देश्य से ट्वीट किया गया है। वीडियो वायरल करने वाले आरोपी अरविन्द टांक को गिरफ्तार कर लिया गया है।”
बुलंदशहर पुलिस ने एक अन्य ट्वीट में लिखा, “स्वाट टीम(क्राइम ब्रांच) व थाना जहांगीराबाद पुलिस द्वारा धार्मिक भावनाओं को आहत करने के उद्देश्य से ट्वीट कर फर्जी वीडियो वायरल करने वाला आरोपी अरविन्द टांक मोबाईल फोन सहित गिरफ्तार।”
स्वाट टीम(क्राइम ब्रांच) व थाना जहांगीराबाद पुलिस द्वारा धार्मिक भावनाओं को आहत करने के उद्देश्य से ट्वीट कर फर्जी वीडियो वायरल करने वाला आरोपी अरविन्द टांक मोबाईल फोन सहित गिरफ्तार #uppolice @Uppolice @adgzonemeerut @igrangemeerut pic.twitter.com/LMTsGK0mV4
— Bulandshahr Police (@bulandshahrpol) July 11, 2019
बुलंदशहर पुलिस ने एक संदेश जारी कर कहा है, “जनता से निवेदन है कि सोशल साइट पर कोई भी फर्जी वीडियो पोस्ट/शेयर/फॉरवर्ड करने से पहले सत्यता की जानकारी कर लें ताकि लोगों में आक्रोश की भावना उत्पन्न न हो, अन्यथा संबंधित के विरूद्ध वैधानिक कार्यवाही की जाएगी।”