हाल ही में इंडिया टुडे कॉन्क्लेव में पहुंचे रेल और केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल से इंडिया टुडे के न्यूज डायरेक्टर राहुल कंवल ने पुलवामा आतंकी हमले के बाद भारतीय वायुसेना द्वारा पाकिस्तान के बालाकोट में किए गए हवाई हमले को लेकर बातचीत की। इस इंटरव्यू का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है, जो चर्चा का विषय बन गया है। वीडियो के मुताबिक बालाकोट में हवाई हमलों को लेकर असहज सवाल पूछे जाने पर कथित तौर पर गोयल ने राहुल कंवल को धमकाने की कोशिश की।
कंवल ने गोयल से बालाकोट में भारतीय हवाई हमले की सफलता पर मौजूद अस्पष्टता के बारे में सवाल किया था। बता दें कि भारतीय वायु सेना ने 300-400 आतंकवादियों के मारे जाने के बीजेपी नेताओं के दावों की पुष्टि नहीं की है। राहुल ने नरेंद्र मोदी सरकार में मंत्री से पूछा कि क्या वह भारत के दावों का समर्थन करने और बड़े पैमाने पर जनता को समझाने के लिए सबूत देने पर विचार करेंगे?
राहुल के इस सवाल पर गोयल असहज हो गए और उन्होंने गुस्से में प्रतिक्रिया व्यक्त की। यहां तक कि मंत्री ने कंवल पर आरोप लगा दिया कि वे उन लोगों के समूह में शामिल हो गए हैं, जो बीजेपी नेता के अनुसार, भारत के हितों के खिलाफ काम कर रहे थे। राहुल के सवाल पर नाराजगी व्यक्त करते हुए उन्होंने पूछा कि क्या आप एयर स्ट्राइक से संतुष्ट हैं? कंवल ने यह कहकर समझाने की कोशिश की कि मैं जवाब दूंगा लेकिन गोयल शांत नहीं हुए।
उन्होंने कहा कि क्या आप उनके हिस्सा हैं जो हमारे सशस्त्र बलों को परेशान करते हैं? फिर कार्यक्रम में मौजूद लोगों को संबोधित करते हुए गोयल ने पूछा, “क्या आप में से कोई भी इस कमरे में राहुल कंवल की सदस्यता ले रहा है, जो भारतीय सशस्त्र बलों को कमजोर करने की कोशिश कर रहा है? और यह साबित करने की कोशिश कर रहे हैं कि वे झूठ बोल रहे हैं? आपका इरादा क्या है राहुल?
गोयल इंडिया टुडे के एंकर को अपने सवाल के पीछे के तर्क समझाने हुए कहा कि मुझे आश्चर्य है कि यह देश कहां जा रहा है? आप सुरक्षाबलों के मनोबल को कम करने की कोशिश कर रहे हैं। आप पाकिस्तान की थ्योरी को यहां फिट करने की कोशिश कर रहे हैं। यह शर्म की बात है।
राहुल कंवल ने किया जोरदार पलटवार
कंवल ने शांति से गोयल को याद दिलाते हुए कहा कि मंत्री, यहां एक पत्रकार के रूप में मेरा काम आपसे सवाल पूछना है। जिसपर गोयल ने कहा कि क्या आप सशस्त्र बलों पर सवाल उठा रहे हैं और उन्होंने क्या कहा है? मेरे पास कोई जवाब नहीं है, मैं वहां नहीं हूं। मैं पायलट नहीं था, जो पाकिस्तान में गोलीबारी कर रहा था, मैं पायलट नहीं था, जो बदला ले रहा था। लेकिन अगर आपको संदेह है कि हमारे सशस्त्र बलों ने अपना काम नहीं किया है, तो यह आपके लिए एक वरिष्ठ पत्रकार के लिए बहुत ही खेदजनक स्थिति है, जैसे कि मैं आज भी यहां बैठा हूं।
कंवल ने अपना स्पष्टीकरण पूरा करने के लिए एक और प्रयास करते हुए कहा कि मंत्री जी मैं एक सेना के अधिकारी का बेटा हूं। जिसके बाद एक बार फिर गोयल ने कहा कि मेरा मानना है कि आपके पिता ने सच कहा होगा। कंवल ने जवाब दिया, “मेरे पिता एक भारत के अग्रणी सैन्य विशेषज्ञ हैं। जिसके बाद एक बार फिर, गोयल ने कहा कि तो वे सभी लोग हैं, जिन्होंने पाकिस्तान पर हमला किया, जिन्होंने नियंत्रण रेखा के पार जाकर भारत की एकता और अखंडता की रक्षा की।
बिना शब्दों के उच्चारण के, कंवल ने गोयल से कहा कि मंत्री जी मुझे या यहां बैठे किसी भी व्यक्ति को आपसे या किसी और से राष्ट्रवाद का पाठ पढ़ने की जरूरत नहीं है। राहुल ने कहा कि ऐसा नहीं है जैसे कि अगर हम आप पर विश्वास नहीं करते, तो हम राष्ट्र-विरोधी हैं। इसके बाद गोयल ने कहा कि यह सेना और वायु सेना ने कहा है। मैंने कुछ नहीं कहा है।
कंवल ने गोयल को याद दिलाते हुए कहा कि सर, सेना और वायु सेना ने कुछ नहीं कहा। उन्होंने यह नहीं कहा कि उन्होंने 300-400 आतंकियों को मार गिराया है। हमारे पास बीजेपी के सांबित पात्रा आए थे, जिन्होंने बताया था कि 300 लोगों को मारा गया फिर कहा 400 लोगों को मारा गया। मुझे अब आश्चर्य होने लगा है कि क्या सबूत दिखाने की जरूरत है। यही तो सवाल है। कोई भी सेना पर सवाल नहीं उठा रहा है। बीजेपी के एक मंत्री का सवाल सेना के लिए सवाल नहीं बन सकता है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो
गोयल की धमकी से राहुल कंवल का भयभीत नहीं होने का यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर काफी तेजी से वायरल हो रहा है। यूजर्स ने राहुल की बहादुरी के लिए इंडिया टुडे के एंकर की सराहना की है। राहुल कंवल मंगलवार सुबह से ही ट्विटर पर टॉप- 10 में ट्रेंड कर रहे हैं। देखिए, लोगों की प्रतिक्रियाएं:
Proud of Rahul Kanwal for standing up the way he did to the bully, Piyush Goyal. Proud that he's a Gunner's son like me. How dare these shameless BJP types question anyone's patriotism! pic.twitter.com/NqDE96J6Sw
— Mandeep Singh Bajwa (@MandeepBajwa) March 4, 2019
Journos should note down this rule of #NewIndia
Even a valid question to a senior mantri – put forward in a respectful manner – will be responded with personal barbs / name calling / ridicule etc.
Wonder how @rahulkanwal kept his cool#respect
Full Vid- https://t.co/sYZZXB6W8V pic.twitter.com/zkKO0hzntg— Akash Banerjee (@akashbanerjee) March 4, 2019
Well responded @rahulkanwal https://t.co/XZX36b57xr
— Sumanth Raman (@sumanthraman) March 5, 2019
While journalists have been hearing this tone from ministers for some time now, who want to equate all questions to govt as a questioning of nationhood and armed forces, refreshing to hear the cool headed response from @rahulkanwal #nomorepatriotismcertificates https://t.co/MgViwzbjMu
— Suhasini Haidar (@suhasinih) March 5, 2019
At the India Today Conclave Rahul Kanwal's words – "I don't need a certificate on nationalism or patriotism" is what every Indian citizen has been saying to the arrogant BJP government since 2014.
— Gaurav Gogoi (@GauravGogoiAsm) March 5, 2019
Love how Rahul Kanwal kept his cool and gave it back to the minister in this case. Are journalists not allowed to ask a question also now? https://t.co/b5XEB4hKBp
— Shilpa Nair (@NairShilpa1308) March 5, 2019
Even if @rahulkanwal was not the son of a decorated army officer and military expert, his questions are valid. His job is to ask questions. In a democracy, if a journalist can't ask questions of a person in power, then are we a democracy?
Larger questions at play here. https://t.co/vVIkAxhMcG
— Sachin Kalbag (@SachinKalbag) March 5, 2019
"Neither me or anybody sitting here needs any lesson in nationalism or patriotism from you or anyone else" – I'm glad you said that @rahulkanwal
A journalist's job is to ask the right questions & as an elected minister, your job is to respond to facts not manipulate it for votes https://t.co/jbbno0QIQk
— Sohini Guharoy (@sohinigr) March 5, 2019
बता दें कि विभिन्न भारतीय मीडिया रिपोर्ट्स में तरह-तरह के आंकड़ों के बाद अब केंद्र में सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने दावा किया है कि वायुसेना की एयर स्ट्राइक में करीब 250 से ज्यादा आतंकवादी मारे गए। शाह ने रविवार को बताया कि पुलवामा आतंकी हमले के बाद भारतीय वायुसेना ने एयर स्ट्राइक में 250 आतंकियों को मार गिराया।
हालांकि, अमित शाह के दावों को लेकर सोमवार (4 मार्च) को उस वक्त नया मोड़ आ गया जब खुद भारतीय वायुसेना प्रेस कॉन्फेंस कर बीजेपी अध्यक्ष के दावों को सिरे से खारिज कर दिया। वायुसेना प्रमुख बी एस धनोआ ने सोमवार को कहा कि वायुसेना मरने वालों की गिनती नहीं करती और बालाकोट आतंकी शिविर पर हवाई हमले में हताहत लोगों की संख्या की जानकारी सरकार देगी।
उन्होंने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि मरने वालों की संख्या लक्षित ठिकाने में मौजूद लोगों की संख्या पर निर्भर करती है। इससे पहले भी एक महत्वपूर्ण बयान में भारतीय वायु सेना ने पाकिस्तान में एयर स्ट्राइक के दौरान आतंकियों के मारे जाने की संख्या को लेकर टीवी चैनलों द्वारा किए गए दावों का खंडन कर चुका है। बालाकोट में जैश ए मोहम्मद के ठिकाने को निशाना बनाने से नुकसान के बारे में एक सवाल के जवाब में भारतीय वायु सेना के एबीएम आर जी के कपूर ने कहा था कि हमारे पास साक्ष्य हैं कि जो करना चाहते थे, जो लक्ष्य था, हमने उसे हासिल किया है।
इस बीच केंद्रीय मंत्री एसएस अहलूवालिया ने भी कहा है कि पाकिस्तान में आतंकी शिविर पर हमले का उद्देश्य मानवीय क्षति पहुंचाना नहीं, बल्कि एक संदेश देना था कि भारत दुश्मन के क्षेत्र में घुसकर प्रहार कर सकता है। सिलिगुड़ी में शनिवार को पत्रकारों से वार्ता में अहलूवालिया ने यह भी कहा कि सरकार ने हवाई हमले के हताहतों पर कोई आंकड़ा नहीं दिया है, भारतीय मीडिया और सोशल मीडिया ही मारे गए आतंकियों की “अपुष्ट आंकड़े” की चर्चा कर रहा है।
बता दें कि तमाम भारतीय अंग्रेजी-हिंदी न्यूज चैनलों ने सरकार के सूत्रों के हवाले से दावा किया था कि भारतीय जवानों ने बड़ी कार्रवाई करते हुए पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के सबसे बड़े शिविर को तबाह कर दिया है, जिसमें 300 से अधिक की संख्या में आतंकवादी और उनके प्रशिक्षक मारे गए। हालांकि, भारत सरकार ने हताहतों के दावों पर अभी तक कोई आधिकारिक आंकड़ा जारी नहीं की है।
14 फरवरी को सीआरपीएफ के काफिले पर आतंकी हमला हुआ था, जिसमें 40 से अधिक जवान शहीद हो गए। इस हमले की जिम्मेदारी जैश-ए-मोहम्मद ने ली थी। इसके बाद भारत सरकार ने 26 फरवरी को पाकिस्तान के बालाकोट स्थित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के कैम्प पर एयर स्ट्राइक करने का दावा किया था, लेकिन भारत की ओर से अभी तक आधिकारिक तौर पर अबतक ये नहीं बताया गया कि इस एयर स्ट्राइक में कितने आतंकी मारे गए।