महाराष्ट्र के अहमदनगर ज़िले की अदालत ने कोपर्डी रेप केस के तीन दोषियों को मौत की सज़ा सुनाई है। इस घटना को लेकर पूरे राज्य और खासकर मराठा समुदाय में बहुत अधिक आक्रोश देखने को मिला था। लड़की की बलात्कार के बाद हत्या कर दी गयी थी।
मुख्य आरोपी जितेंद्र शिंदे ने अपना पक्ष रखते हुए कहा था कि उसने लड़की की हत्या नहीं की। वहीं दूसरा आरोपी नितिन भैलुमे ने कोर्ट में बताया कि वह निर्दोष है। अहमदनगर सेशन कोर्ट ने कोपर्डी गांव की 15 वर्षीय किशोरी के साथ दुष्कर्म और हत्या मामले में तीनों आरोपियों को दोषी करार दिया है।
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सुवर्ण केवले ने जितेंद्र बाबूलाल शिंदे, संतोष गोरख भवाल और नितिन गोपीनाथ भैलूमे को हत्या, बलात्कार और आपराधिक साजिश का दोषी पाया।
पीड़िता की मां ने कहा, हमने लंबे समय तक इंतजार किया और अदालत ने तीन लोगों को दोषी करार दिया। समाज में इस तरह की घटनाएं दोबारा ना हो, इसको लेकर कड़ा संदेश देने के लिए दोषियों को मृत्युदंड ही दिया जाना चाहिए था।
उन्होंने पूरे परिवार की ओर से मराठा समुदाय, विशेष लोक अभियोजक उज्ज्वल निकम, पुलिस और सरकार के प्रति आभार जताया। गौरतलब है कि घटना के बाद मराठा समुदाय ने राज्य भर में व्यापक स्तर पर जुलूस निकाले थे। मराठा समुदाय से ताल्लुक रखने वाली पीड़िता का शव 13 जुलाई 2016 को अहमदनगर जिले के कोपार्डी गांव में मिला था।