यूपी: कानपुर के सरकारी अस्पताल में ICU का एसी फेल, गर्मी से तड़पकर 5 मरीजों की मौत

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उत्तर प्रदेश के कानपुर मेडिकल कॉलेज में गुरुवार (7 जून) को बड़ी लापरवाही सामने आई है। जहां भीषण गर्मी और उमस के बीच अस्पताल के आईसीयू में एसी सिस्टम फेल होने से पांच मरीजों की मौत हो गई। आरोप है कि ICU के दोनों एसी प्लांट 5 दिन से काम नहीं कर रहे थे और शिकायत के बाद भी इस पर किसी ने ध्यान नहीं दिया गया। जिसके चलते पांच मरीजों ने दम तोड़ दिया। आरोप ये भी है कि एसी प्लांट की मरम्मत में लापरवाही के कारण पहले भी सर्जरी और न्यूरो सर्जरी आपरेशन थियेटर के एसी खराब हो चुके हैं।

photo: zee news

दैनिक जागरण में प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, भीषण गर्मी में लाला लाजपत राय अस्पताल (एलएलआर-हैलट) के मेडिसिन विभाग की इंसेटिव केयर यूनिट (आईसीयू) के दोनों एसी प्लांट बुधवार रात फेल हो गए। 41.2 डिग्री तापमान होने से लाइफ सपोर्ट सिस्टम चरमरा गया। सिस्टम के उपकरणों ने काम करना बंद कर दिया। ऐसे में एसी फेल होने के 24 घंटे के भीतर यहां भर्ती पांच मरीजों की मौत हो गई।

हालांकि, जागरण के मुताबिक अस्पताल प्रशासन ने एसी बंद होने के कारण मौत होने से इनकार किया है और लाइफ सपोर्ट सिस्टम पर असर न पड़ने का दावा किया है। मेडिसिन विभाग की इंटेंसिव केयर यूनिट (आईसीयू) के दोनों एसी प्लांट पांच दिनों से गड़बड़ थे। सिस्टर इंचार्ज की लिखित शिकायत भी गंभीरता से नहीं ली गई और बुधवार देर रात एसी फेल हो गए। गर्मी एवं उमस बढ़ने पर आईसीयू की खिड़कियां और दरवाजे खोलने पड़े। बुधवार रात 12 बजे से गुरुवार शाम पांच बजे तक पांच मरीजों की मौत हो गई। दो मरीजों की मौत बुधवार रात को हुई।

गुरुवार सुबह हरदोई के संडीला निवासी रसूल बख्श (58) व उन्नाव के एक मरीज ने भी दम तोड़ दिया। आइसीयू के बेड 12 पर भर्ती आजमगढ़ निवासी मुरारी (56) की शाम 5.20 बजे मौत हो गई। जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. नवनीत कुमार ने बताया कि इन मौतों का एसी से कोई लेना देना नहीं है। हां, मेडिसिन आइसीयू का एसी प्लांट बुधवार से खराब है।

प्रमुख अधीक्षक, सीएमएस व जूनियर इंजीनियर को सूचित कर दिया है। प्लांट की मरम्मत के लिए प्रयास जारी है। समस्या पता चल गई है। दोबारा जले कंप्रेशर को ठीक होने में एक दिन का और समय लगेगा। गर्मी से वेंटीलेटर एवं अन्य उपकरण प्रभावित नहीं हुए हैं। सभी ठीक ढंग से काम कर रहे हैं। जिला मजिस्ट्रेट ने कहा है कि पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। वहीं, इस मामले में अभी तक किसी पीड़ित ने शिकायत दर्ज नहीं की है।

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