पेशाब करने से रोकने पर ई-रिक्शा चालक की हत्या पर बोले नायडू- गुनहगारों को बख्शा नहीं जाएगा

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राष्ट्रीय राजधानी में सार्वजनिक स्थान पर पेशाब करने से रोकना एक ई-रिक्शा ड्राइवर को भारी पड़ गया और जिंदगी गंवानी पड़ी। उत्तर पश्चिमी दिल्ली के मेट्रो स्टेशन जीटीबी नगर के बाहर कुछ बदमाशों ने एक रिक्शा ड्राइवर को सिर्फ इस बात पर पीट-पीटकर मार डाला कि उसने वहां खुले में पेशाब करने से रोका था।

file photo

केंद्रीय मंत्री वैंकेया नायडू ने ई-रिक्शा चालक की क्रूर हत्या की निंदा करते हुए कहा कि स्वच्छ भारत को प्रमोट करने वाले ई-रिक्शा करने वाले की हत्या होने से काफी दुख पहुंचा है, मैंने दिल्ली के पुलिस कमिश्नर से बात की है और सख्त कार्रवाई करने को कहा है।

नायडू के आदेश के बाद पुलिस ने अपनी छानबीन शुरू कर दी है। अभी तक की सूचना के मुताबिक पुलिस को दो युवकों पर शक है जो नजदीक की शराब की दुकान से खरीदारी करके निकले थे। अब पुलिस इनकी तलाश कर रही है। रवींद्र नाम के ई-रिक्शा चालक मेट्रो स्टेशन के पास ही एक झुग्गी बस्ती में रहता था।

घटना शनिवार(27 मई) रात की बताई जा रही है। ड्राइवर का नाम रविंद्र कुमार है। रविंद्र के भाई विजेंदर कुमार का कहना है कि उसने कुछ लड़कों को स्टेशन की दीवार पर कथित तौर पर पेशाब करने से रोका था। पुलिस ने बताया कि शाम को मृतक रवींद्र ने दो लोगों को मेट्रो स्टेशन के बाहर पेशाब करते हुए देखा और इस पर आपत्ति जताई।

तब वे वहां से रविंद्र को बाद में सबक सिखाने की धमकी देकर चले गए। दोनों रात करीब आठ बजे दस और लोगों के साथ वापस आए और उसे बुरी तरह से पीटा। एक दूसरे ई-रिक्शा चालक ने बीचबचाव करने की कोशिश की लेकिन आरोपियों ने उसे भी पीटा। रवींद्र को अस्पताल ले जाया गया जहां उसने दम तोड़ दिया। पुलिस सूत्रों ने कहा कि दोनों व्यक्तियों की तस्वीरें वहां लगे सीसीटीवी में कैद हैं।

ऐसा संदेह है कि आरोपी एक प्रतियोगी परीक्षा में हिस्सा लेने के लिए दिल्ली आए थे और हरियाणा के रहने वाले हैं। रवींद्र मेट्रो स्टेशन के पास एक झुग्गी बस्ती में रहता था। उसकी पिछले साल शादी हुई थी और उसकी पत्नी सात महीने की गर्भवती है। आरोपियों को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस टीम का गठन किया गया है।

 

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