आंध्र स्थित स्टार्टअप कंपनी ने BJP पर लगाया वेबसाइट कोड और लेआउट टेम्पलेट चोरी कर बिना अनुमति इस्तेमाल करने का आरोप, लोगों ने लिए मजे

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एक चौंकाने वाले रहस्योद्घाटन में यह सामने आया है कि भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) ने आंध्र प्रदेश स्थित एक स्टार्टअप कंपनी द्वारा विकसित की गई प्रोग्रामिंग कोड की कथित तौर पर चोरी कर अपनी हैक की गई वेबसाइट को पुनर्स्थापित करने के लिए सहारा लिया। आंध्र प्रदेश स्थित एक स्टार्टअप डब्ल्युथ्रीलेआउट (W3layout) नाम की कंपनी ने आरोप लगाया है कि बीजेपी ने उनके द्वारा विकसित एक मुफ्त लेआउट टेम्पलेट और प्रोग्रामिंग कोड का उपयोग अपनी वेबसाइट में किया है और उन्हें कोई श्रेय भी नहीं दिया।

दरअसल, पिछले दिनों बीजेपी की आधिकारिक वेबसाइट को हैक कर लिया गया था। वेबसाइट हैक करने के बाद वेबसाइट डाउन हो गई थी और वह काम नहीं कर रही थी। भारी भरकम संसाधनों के बावजूद बीजेपी अपनी वेबसाइट को कई हफ्तों तक बहाल करने में असमर्थत रही, जिस वजह से उसे सोशल मीडिया पर उपहास का सामना करना पड़ा।चुनाव के महत्वपूर्ण समय में बीजेपी की आधिकारिक वेबसाइट का हैक हो जाना काफी गंभीर मसला था।

आखिरकार तमाम किरकिरी के बाद अब वेबसाइट को ठीक कर लिया गया है। हैक होने के करीब दो हफ्ते बाद बीजेपी की वेबसाइट लाइव हो गई है। वेबसाइट की डिजाइन चेंज हुई है। अभी वेबसाइट पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की तस्वीर लगी है, जिस पर ‘फिर एक बार मोदी सरकार’ का स्लोगन लिखा हुआ है। हालांकि, वेबसाइट शुरू होने के बाद भी बीजेपी की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही है।

बीजेपी की वेबसाइट चालू तो हो गई है लेकिन सिर्फ एक साधारण पेज के साथ। अभी वेबसाइट पहले की तरह पूरी जानकारी के साथ तैयार नहीं है। वेबसाइट पर अभी सिर्फ लोकसभा चुनाव के प्रत्याशियों की सात सूची दिख रही है। वेबसाइट पर होम पेज के अलावा कोई अन्य वेब पेज नहीं दिख रहा। वेबसाइट पर संगठनात्मक विवरण, पुरानी प्रेस विज्ञप्ति, पुराने संचार और बीजेपी वेबसाइट से संबंधित अन्य लिंक जैसे डेटा अभी तक अपलोड नहीं किए गए हैं।

BJP पर लगा चोरी के आरोप

W3Layouts नाम की आंध्र प्रदेश स्थित वेब डिजाइन कंपनी (स्टार्टअप) ने दावा किया है कि बीजेपी की वेबसाइट पर जो टेम्पलेट दिख रहा है वह उसके द्वारा विकसित किया गया है और बीजेपी ने इसे बिना अनुमति न सिर्फ इस्तेमाल किया बल्कि टेम्पलेट में दिया गया बैकलिंक भी हटा दिया है जिससे इस डिजाइन को विकसित करने का पता चलता है। कंपनी ने इस बारे में ट्विटर पर बीजेपी को टैग करते हुए ट्वीट भी किया है कि “अपनी आईटी सेल से कहिए कि इस टेम्पलेट के बारे में हमसे संपर्क करें।”

कंपनी ने बीजेपी को अपने लाइसेंस की शर्तें भी ट्वीट कीं। कंपनी ने आरोप लगाया कि माफी मांगने या उचित श्रेय देने के बजाय, पार्टी की वेबसाइट के डेवलपर्स ने कंपनी के किसी भी उल्लेख को हटाने के लिए कोड को ही बदल दिया। स्टार्टअप ने एक अन्य ट्वीट में कहा कि हम सिर्फ एक शुक्रिया चाहते थे और बदले में आपको पूरा टेम्पलेट और इसपर लगा बैकलिंक हटाने की इजाजत दे देते। लेकिन आपने तो हमारे इस खूबसूरत टेम्पलेट से कोड हटाकर इसे बर्बाद करने का फैसला किया।”

कंपनी का कहना है कि बीजेपी ने इस टेम्पलेट को कोड में से उसका नाम भी हटा दिया है। कंपनी ने अपनी वेबसाइट पर एक विस्तृत ब्लॉग भी पोस्ट की है और बीजेपी पर टेम्पलेट चोरी का आरोप लगाया है। कंपनी ने लिखा है कि जब हमने बीजेपी की अधिकारिक वेबसाइट पर अपना टेम्पलेट देखा तो शुरु में हमें बहुत खुशी हुई कि देश की बड़ी राजनीतिक पार्टी हमारा डिजाइन इस्तेमाल कर रही है, लेकिन हम इस बात से बेहद नाराज हैं कि बीजेपी ने हमें क्रेडिट दिए बिना ही बैकलिंक हटा दिया।

ब्लॉग में आगे लिखा गया है कि बैंकलिंक हटाए जाने के बाद साफ हो गया है कि बीजेपी अब भी हमारा लेआउट कोड इस्तेमाल कर रही है, क्योंकि यह पेज के सोर्स कोड में मौजूद है। कंपनी ने आगे कहा कि अगर वे हमसे इस डिजाइन के बारे में बात करते तो हम उन्हें यह टेम्पलेट दे देते, लेकिन हमें इस बात पर आश्चर्य है कि ऐसी पार्टी जिसके मुखिया खुद को चौकीदार बताते हैं, उसने हमारी खून-पसीने की मेहनत को चुराया। इतना ही नहीं हमारे दावे को भी गलत साबित करने की कोशिश की।

कंपनी ने एक अन्य ब्लॉग में कहा कि कैसे उसके पूर्व की पोस्ट को प्रचार पाने का हथकंडा साबित करने की कोशिश की गई। कंपनी ने कहा कि हाल ही में बहाल की गई बीजेपी वेबसाइट द्वारा उपयोग किए गए कोड और डब्ल्युथ्रीलेआउट के टेम्पलेट के कोड की त्वरित तुलना से पता चलता है कि अंग्रजी के ‘बॉटम’ शब्द की स्पेलिंग में बदलाव किया गया है। इससे पता चलता है कि बीजेपी ने स्टार्टअप के कोड का इस्तेमाल किया है।

बीजेपी वेबसाइट पर इस्तेमाल हुए टेम्पलेट के चोरी का होने की बात सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर इसकी तीखी आलोचना हो रही है और लोग निशाना साधते हुए तंज भी कस रहे हैं। बीजेपी की कथित शरारत और अनैतिक व्यवहार से आहत कंपनी कोडिंग का एक स्क्रीनशॉट भी पोस्ट किया है। फ्रांसीसी सुरक्षा शोधकर्ता, इलियट एल्डरसन ने ट्वीट कर बताया कि, ‘जो उन्होंने कहा था, वह उसकी पुष्टि करते है। हैक होने के बाद वेबसाइट पर सब उड़ गया है और उसमें कोई बैकअप भी नहीं था।’

देखिए, लोगों के रिएक्शन:

आईटी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने 12 मार्च को स्वीकार किया कि बीजेपी की वेबसाइट को कुछ मिनटों के लिए हैक कर ली गई थी। लेकिन उन्होंने यह नहीं कहा गया था कि वेबसाइट का कोई डेटा भी उड़ गया है। बीजेपी की आधिकारिक वेबसाइट (http://www.bjp.org/) 5 मार्च को हैक कर ली गई थी। 5 मार्च को सुबह जब वेबसाइट को खोला गया तो इसमें कुछ अभद्र भाषा का उपयोग किया गया था।

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