कांग्रेस ने माना, रामदेव को ज़मीन देना गलती थी

0

अक्सर विवादों में रहने वाले योगगुरु बाबा रामदेव का नागपुर में बनने वाला फूड पार्क भूमिपूजन से पहले विवादो में घिरता नज़र आ रहा है। कांग्रेस ने शनिवार को कहा कि बाबा रामदेव को फ़ूड पार्क के लिए जमीन देना एक बहुत बड़ी गलती थी।

कांग्रेस प्रवक्ता टॉम वडक्कन ने कहा, “बाबा रामदेव को फ़ूड पार्क के लिए ज़मीन देकर हमने गलती किया है लेकिन जब हम गलती करते हैं तो हम उसे क़ुबूल करते हैं छिपाने कि कोशिश नहीं करते हैं।”

टॉम वडक्कन का यह बयान तब आया जब पतंजलि आयुर्वेद में 97 फ़ीसदी की हिस्सेदारी रखने वाले बाबा रामदेव के क़रीबी आचार्य बालकृष्ण फ़ोर्ब्स की 100 अमीर भारतीयों की सूची में शामिल हुए और ख़बर के अनुसार उनकी हैसियत 2.5 अरब डॉलर (लगभग 16,000 करोड़ रूपये) की है और वे इस सूची में 48वें स्थान पर हैं।

वडक्कन ने आगे कहा कि आप फ़ोर्ब्स से और सरकान से भी पूछिये कि आखिर किस आधार पर रामदेव को नूडल्स के लिए लाइसेंस दिया गया।

एक सवाल के जवाब में कि रामदेव को कांग्रेस के नेतृत्व वाली यूपीए सरकार के कार्यकाल के दौरान ज़मीन दी गई थी जब सुबोध कांत सहाय ने मंत्री का संबंध था, वडक्कन ने कहा, “हमसे शायद गलती हुई है।”

2014 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने खुले तौर पर मोदी की उम्मीदवारी का समर्थन किया और भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवारों के लिए प्रचार किया था।

भाजपा सरकार पर आरोप है कि कई राज्यों में सरकार ने रामदेव को भूमि आवंटित किया है जिससे कि रामदेव को अपने व्यावसायिक साम्राज्य का विस्तार कर सके।

केंद्र में भाजपा के शासनकाल में रामदेव के क़रीबी बालकृष्ण के साथ व्यावसायिक साम्राज्य में एक अभूतपूर्व वृद्धि हुई है, पहली बार फोर्ब्स 100 सबसे धनी भारतीयों की सूची बना रही है और रिपोर्टों के अनुसार पतंजलि आयुर्वेद में 97 फ़ीसदी की हिस्सेदारी रखने वाले बालकृष्ण, कई भारतीय समाचार चैनलों पर मीडिया स्पेस के लिए भी जाने जाते हैं।

LEAVE A REPLY