नोटबंदी ने निकाले एक दादा के आंसू, पोती की शादी में पड़ौसियों से मांगना पड़ा उधार

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नोटबंदी के बाद से हालात काबू से बाहर हो रहे है। पीएम मोदी एंड पार्टी का लगातार कहना जारी है कि सबकुछ सामान्य है। जबकि मीडिया रिर्पोट के अनुसार अब तक 60 से अधिक मौतें केवल नोटबंदी की वजह से हो चुकी है। शादी-ब्याह पैसों की तंगी की वजह से रूकावटें आनी शुरू हो गई है।

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अभी ताजा मामला कानपुर के राजेश गुप्ता का आया है। जिनकी बेटी प्रिया की शादी 25 नवम्बर को तय हुई है। कानपुर के चुन्नीगंज बाजार में कार गैरेज चलाने वाले राजेश गुप्ता को अपनी बेटी प्रिया की शादी की व्यवस्था के लिए रूपये की आवश्यकता है लेकिन रूपये निकलाने के लिए बैंक की तरफ से जारी नये नियम कायदों को वह पूरा नहीं कर पा रहे इसलिए असहाय नज़र आ रहे है।

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बैंक ने नये नियमों के अनुसार राजेश गुप्ता को ढाई लाख रूपये देने से मना कर दिया, जिसके चलते उन्हें पड़ौसियों से उधार मांगने की नौबत पर ला खड़ा कर दिया है। रिजर्व बैंक के नये नियमों के अनुसार अपने खुद के रूपये ही वह नहीं निकाल पा रहे है।

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दुल्हन प्रिया ने मीडिया को बताया कि नये सर्कुलेशन के अनुसार हम अपने दादा जी के अकाउंट से भी पैसे नहीं निकाल पा रहे है। शादी के लिए अब अपने दोस्तों से उधार मांगना पड़ रहा है। जिसकी वजह से बहुत ज्यादा दिक्कत परिवार को हो रही हैं। जब राजेश गुप्ता यूनियन बैंक से पैसे निकालने पहुंचे तब बैंक ने केवल 53 हजार रूपये ही देने की बात की।

प्रिया के भाई ने बताया कि हमारे दादा जी के अकांउट में शादी के लिए पर्याप्त पैसा है क्योंकि वो रिटायर्ड है लेकिन बैंक कह रहा है कि हम उनके अकाउंट से पैसे नहीं निकाल सकते क्योंकि रिजर्व बैंक की नई गाइडलाइन यहीं कहती हैं। घर के सबसे बड़े बुर्जग प्रिया के दादा के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे उन्हें ये चिंता खाए जा रही है कि दो दिन बाद शादी के लिए लाखों रूपये कहां से आएगें।

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