लंदन ओलंपिक के 4 साल बाद पहलवान योगेश्वर का ब्रॉन्ज मेडल सिल्वर में बदलेगा

0

रियो ओलंपिक में भले ही भारतीय पहलवान योगेश्वर दत्त कोई पदक ना जीत पाए हों लेकिन चार साल पहले हुए लंदन ओलंपिक में उनका कद बढ़ना तय माना जा रहा है। लंदन ओलंपिक में योगेश्वर ने कांस्य पदक जीता था। लेकिन अब उन्हें रजत पदक मिलने जा रहा है।

इसका कारण है रूस। रूसी पहलवान बेसिक कुदुखोव के डोपिंग में दोषी पाए जाने के बाद उनका पदक छिनना तय है जिसके चलते योगेश्वर को रजत पदक मिलेगा। इस रजत पदक के साथ ही योगेश्वर कुश्ती में ओलिंपिक में रजत पदक जीतने वाले सुशील कुमार के बाद दूसरे पहलवान बन जाएंगे।

Also Read:  जल्द ही राजधानी और शताब्दी जैसी ट्रेनों के दरवाजें भी खुलेगें मैट्रों ट्रेन के दरवाजों कि तरह

फ्लोरेसलिंग ने इस खबर की पुष्टि कर दी कि कुदुखोव का रजत पदक छीन लिया गया है और योगेश्वर को रजत पदक मिलेगा। योगेश्वर लंदन ओलिंपिक में 60 किग्रा भार वर्ग के प्री-क्वार्टर फाइनल में कुदुखोव से हार गए थे, लेकिन उनके फाइनल में पहुंचने के कारण भारतीय पहलवान को रेपचेज के जरिए एक और मौका मिला। फिर योगेश्वर ने रेपचेज में कांस्य पदक जीता था।

Also Read:  दिल्ली का शकूरबस्ती, जहाँ कल अमीरी और ग़रीबी में क़ानून का भेदभाव साफ़ नज़र आया

इसके बाद चार बार के विश्व चैंपियन और 2008 ओलिंपिक के भी कांस्य विजेता कुदुखोव डोप टेस्ट में फंस गए थे। मामला खेल पंचाट तक पहुंचा, लेकिन इस बीच 27 वर्षीय कुदुखोव की कार दुर्घटना में मौत हो गई।

भारतीय कुश्ती संघ के अधिकारी ने कहा कि खेल पंचाट की सुनवाई में कुदुखोव के वकील ने कहा था कि अब पहलवान की मौत हो गई है इसलिए इस सुनवाई को बंद कर देना चाहिए। लेकिन ढाई महीने पहले ही खेल पंचाट ने फैसला सुरक्षित कर लिया था। रियो ओलिंपिक के कारण उस समय फैसला नहीं सुनाया गया। अब खेल पंचाट का फैसला आने के बाद कुदुखोव का पदक योगेश्वर दत्त को मिल जाएगा।

Also Read:  गुजरात की मुख्यमंत्री आनंदीबेन के इस्तीफे पर बोले केजरीवाल- 'आप' से डरी हुई है बीजेपी

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here