आसाराम के बाद अब उनका बेटा नारायण साईं भी बलात्कार मामले में दोषी करार, 30 अप्रैल को सुनाई जाएगी सजा

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गुजरात की एक अदालत ने शुक्रवार (26 अप्रैल) को जेल में बंद रेप मामले में दोषी आसाराम का बेटा नारायण साईं को भी बलात्कार के एक मामले में दोषी पाया है। सूरत की एक सत्र अदालत अब उसे इस मामले में 30 अप्रैल को सजा सुनाएगी। सूरत की रहने वाली दो बहनों ने 2013 में पुलिस में दर्ज अपनी शिकायत में आरोप लगाया था कि आसाराम बापू और नारायण साईं ने उनके साथ बलात्कार किया।

File Photo: PTI

दोनों बहनों ने साईं और आसाराम के खिलाफ कथित शोषण की अलग-अलग शिकायत दर्ज कराई थी। इनमें से एक पीड़िता ने आरोप लगाया कि जब वह आश्रम में रह रही थी तो 2002 से 2005 के बीच नारायण साईं ने उसके साथ कई बार दुष्कर्म किया। पीड़ित छोटी बहन ने नारायण साईं के खिलाफ ठोस सबूत दिए थे और मौका-ए-वारदात को पहचाना था। वहीं, बड़ी बहन ने आसाराम के खिलाफ मामला दर्ज करवाया था।

केस दर्ज होने के बाद साईं अंडरग्राउंड हो गया था। करीब दो महीने बाद दिसंबर, 2013 में उसे हरियाणा-दिल्ली सीमा के पास गिरफ्तार कर लिया गया। वह सिख के वेश में मिला था। नारायण पर जेल में रहते हुए पुलिस कर्मचारी को 13 करोड़ रुपए की रिश्वत देने का भी आरोप लगा था। बता दें कि आसाराम जोधपुर में बलात्कार के एक दूसरे मामले में दोषी पाया जा चुका है और वह आजीवन कारावास की सजा भुगत रहा है।

पत्नी के भी गंभीर आरोप

नारायाण साईं की हरकतों का खुलासा होने पर उसकी पत्‍नी जानकी ने पति और ससुर के खिलाफ प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगाए थे। साईं की पत्नी जानकी ने पुलिस थाने में दर्ज अपनी श‍िकायत में कहा था कि नारायण हरपलानी (नारायण साईं का असली नाम) से उसकी शादी 22 मई 1997 को हुई थी, लेकिन शादी के इस बंधन में बंधने के बाद भी उसके पति ने उसकी निगाहों के सामने कई महिलाओं से नाजायज ताल्लुकात कायम किए। इससे उसे मानसिक प्रताड़ना झेलनी पड़ी।

जानकी ने अपने आरोप में आगे कहा था कि मेरे पति ने हमेशा धर्म के नाम पर ढोंग किया है। मेरे पति ने सबसे ज्यादा घोर अपराध यह किया है कि उसने अपने आश्रम की एक साधिका से अवैध संबंध बनाए। जब यह साधिका गर्भवती हो गई तो उसने मुझसे कहा कि वह दूसरी शादी करना चाहते हैं।

जानकी ने आरोप लगाया कि जब उसने नारायण से कहा कि वह उसे तलाक देकर दूसरी शादी कर सकता है तो उसके पति ने उसे बताए बगैर ही इस साधिका से राजस्थान में दूसरी शादी कर ली और इस महिला से उसे एक ‘नाजायज संतान’ भी है। जानकी ने यह भी कहा था, ‘जब मैं दूसरी महिलाओं से अपने पति के अवैध संबंधों पर आपत्ति जताती थी, तो वह मुझे धमकाते हुए खामोश रहने को कहता था।’

3 COMMENTS

  1. When was last time a Bishop , Maulavi or politician was punished for alleged crime ? What about allegation on CJI ? Should he resign ? Why only hindu saints are targeted. How is even a 12 year old case valid ?

  2. Wow what a judgement a case which cannot stand in court is been finalized with a judgment that an accused is guilty, all these lower courts are in pressure politically, the case was registered 13 years after the the so called rape now its a common sense that how can you medically prove after 13 years that the girls were raped, Foolish judgment.

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