विवाद के बीच टाटा स्काई का सनसनीखेज खुलासा, नमो टीवी को बताया ‘हिंदी न्यूज़ सर्विस’, कहा- ‘इसे हटाने का कोई विकल्प नहीं’

0

इन दिनों कई डीटीएच प्लेटफॉर्म पर बिना किसी भुगतान के ही ‘नमो टीवी’ दिखाई पड़ रहा है। आचार संहिता लागू होने के बावजूद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाषण और बीजेपी का प्रचार दिखाने वाले इस चैनल पर विपक्ष सवाल खड़े कर रहा है। चुनाव आयोग ने इस मामले में सूचना प्रसारण मंत्रालय से जवाब भी मांगा है। इस बीच डीटीएच सेवा प्रदाता टाटा स्काई ने सनसनीखेज खुलासा करते हुए कहा कि नमो टीवी एक हिंदी समाचार सेवा है, जो राष्ट्रीय राजनीति पर ताजा ब्रेकिंग न्यूज देता है और दर्शकों के पास अपने पैक से चैनल को हटाने कोई विकल्प नहीं है।

एक के बाद एक कई ट्वीट्स में टाटा स्काई ने लिखा है कि चैनल नंबर 512 नमो टीवी है। यह एक हिंदी समाचार सेवा है, जो राष्ट्रीय राजनीति पर ताजा ब्रेकिंग न्यूज प्रदान करती है। बता दें कि मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, नमो टीवी एक सेवा प्रदाता द्वारा शुरू किया गया एक तरह का विज्ञापन मंच है, जो वर्तमान में कुछ डीटीएच प्लेटफार्मों पर चलाया जा रहा है। हालांकि, टाटा स्काई अब यह रहस्योद्घाटन करते हुए आईबी मंत्रालय द्वारा किए गए दावों के विपरीत जवाब दिया है।

वहीं, एक यूजर ने ट्वीट कर सवाल किया कि मैंने नमो टीवी को चुना नहीं है, फिर भी यह मेरे कनेक्शन पर क्यों चल रहा है। इस पर टाटा स्काई ने जवाब देते हुए कहा कि इस चैनल को लॉन्च की पेशकश के रूप में सभी ग्राहकों के लिए जोड़ा गया है। इस चैनल को व्यक्तिगत तौर पर हटाने का कोई विकल्प नहीं है। हालांकि, हमने आपकी प्रतिक्रिया पर ध्यान दिया है और इस पर गौर करेंगे।

बता दें चुनाव आयोग (ईसी) ने सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय से नमो टीवी पर विस्तृत जवाब मांगा है। नमो टीवी के खिलाफ कांग्रेस और आम आदमी पार्टी (आप) ने आयोग में शिकायत दर्ज कराई थी। पिछले सप्ताह लांच किए गए इस चैनल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के राजनीतिक संक्षिप्त नाम का इस्तेमाल किया गया है और यह उनकी रैलियों और भाषणों के लिए समर्पित है।

पीएम मोदी और भारतीय जनता पार्टी (बीेजपी) दोनों ने सोशल मीडिया पर नमो टीवी को प्रमोट किया है। इस चैनल के लांच के तत्काल बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक ट्वीट में यह कहते हुए एक चित्र साझा किया था कि चैनल “पीएम मोदी के जोरदार चुनावी अभियान और ढेर सारी आकर्षक सामग्रियों को प्रसारित करेगा।

कांग्रेस सोमवार को ईसी पहुंच गई और उसने (आचार संहिता लागू होने के बाद) नमो टीवी को एक राजनीतिक औजार के रूप में प्रमोट करने और अपने चुनावी अभियान के लिए सरकारी स्वामित्व वाले दूरदर्शन का इस्तेमाल करने के लिए मोदी और बीजेपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।

कांग्रेस ने ईसी से आग्रह किया कि सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय और डीटीएच सेवा प्रदाताओं को तत्काल और आवश्यक निर्देश जारी करे कि वे चैनल के खिलाफ कार्रवाई करें। आप ने भी ईसी में यह कहते हुए शिकायत दायर की है कि क्या आचार संहिता लागू होने के बाद किसी राजनीतिक दल को अपना चैनल शुरू करने की अनुमति दी जा सकती है।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here