मानहानि पेशी के मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने दी केजरीवाल को स्थायी राहत

0

दिल्ली हाईकोर्ट ने आज मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को स्थायी तौर पर मानहानि पेशी के मामले में राहत प्रदान कर दी है। अमित सिब्बल ने केजरीवाल, उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया खिलाफ उनकी तरफ से हितों का टकराव होने के आरोपों को लेकर मानहानि की शिकायत दर्ज कराई थी।

जिसके चलते आज दिल्ली हाईकोर्ट ने केजरीवाल को स्थायी तौर पर मानहानि पेशी के मामले में राहत प्रदान कर दी है।

अरविंद केजरीवाल

आपको बता दे कि उच्चतम न्यायालय ने दिल्ली उच्च न्यायालय से कहा था कि वह मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की उस याचिका पर फैसला करे जिसमें पूर्व केंद्रीय मंत्री कपिल सिब्बल के पुत्र अमित सिब्बल द्वारा उनके खिलाफ दायर मानहानि के मामले को निरस्त करने की मांग की गई थी।

जबकि न्यायमूर्ति ए के सीकरी और न्यायमूर्ति आर भानुमति की पीठ ने उच्च न्यायालय को मामला वापस भेजने के दौरान साफ किया था कि निचली अदालत में मानहानि की शिकायत जारी रहेगी।

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और उप-मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया पूर्व केंद्रीय मंत्री कपिल सिब्बल के बेटे अमित सिब्बल द्वारा अपने खिलाफ दाखिल आपराधिक मानहानि की एक शिकायत के सिलसिले में पिछले दिनों अदालत में पेश हुए थे। जिसमें केजरीवाल और सिसोदिया मेट्रोपोटिलन मजिस्ट्रेट पंकज शर्मा के सम्मुख उपस्थित हुए थे और अमित सिब्बल से जिरह की थी। गवाही अधूरी रही और 17 सितंबर को अगली सुनवाई वाले दिन जारी रहने के आदेश जारी हुए थे।

निचली अदालत की कार्यवाही को जारी रखने के संबंध में स्पष्टीकरण उस समय दिया गया था जब सिब्बल की तरफ से वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने इस बात की आशंका जाहिर की कि केजरीवाल और अन्य उच्च न्यायालय को मामला वापस भेजने के लिए आदेश का इस्तेमाल यहां पटियाला हाउस अदालत के समक्ष लंबित कार्यवाही पर रोक लगाने की मांग करने के लिए कर सकते हैं।

शीर्ष अदालत ने इससे पहले कहा था कि वह केजरीवाल और अन्य की याचिका पर विचार करने के लिए मामले को उच्च न्यायालय भेज सकती है। याचिका में केजरीवाल और अन्य ने गुणदोष के आधार पर आरोप मुक्त करने की मांग की थी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here