उन्नाव रेप केस: पीड़िता के पिता की हत्या मामले में पूर्व BJP विधायक कुलदीप सिंह सेंगर समेत सात को 10 साल की सजा

0

दिल्ली की एक अदालत ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के निष्कासित विधायक कुलदीप सिंह सेंगर को उन्नाव बलात्कार पीड़िता के पिता की हत्या के मामले में शुक्रवार (13 मार्च) को 10 साल की सजा सुनाई।

कुलदीप सिंह सेंगर
(Indian Express photo by Vishal Srivastav)

दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने कुलदीप सिंह सेंगर और उनके भाई अतुल सिंह सेंगर समेत 7 दोषियों को 10 साल की जेल की सजा के साथ 10-10 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। बता दें कि 3 मार्च को कुलदीप सिंह सेंगर को आपराधिक साजिश (120 बी) के तहत दोषी करार दिया गया था। कोर्ट ने कहा था कि कुलदीप का हत्या का इरादा नहीं था लेकिन पीड़िता के पिता को बुरी तरह पीटा गया। इस मामले में ट्रायल कोर्ट ने पुलिस कॉन्स्टेबल अमीर खान को बरी कर दिया था।

इस मामले में कुलदीप सिंह सेंगर समेत 11 आरोपी थे। इनमें से 4 को बरी कर दिया गया था। बाकी 7 को कोर्ट ने पीड़िता के पिता की कस्टडी में हुई मौत का दोषी माना था। कोर्ट ने अपने आदेश में एसएचओ अशोक भदौरिया और सब इंस्पेक्टर केपी सिंह को भी दोषी ठहराया था। बता दें कि, दुष्कर्म पीड़िता के पिता की नौ अप्रैल 2018 को न्यायिक हिरासत में मौत हो गई थी।

बता दें कि, जून 2017 को रेप पीड़िता ने तत्कालीन भाजपा विधायक सेंगर पर रेप का आरोप लगाया था, उस समय पीड़िता नाबालिग थी। बाद में रायबरेली में सड़क हादसे में रेप पीड़िता को कथित तौर पर जान से मारने की कोशिश भी की गई थी। पीड़िता की कार को एक तेज रफ्तार ट्रक ने टक्कर मार दिया था, जिसमें उसके दो रिश्तेदारों की मौत हो गई थी और वह और उनका वकील गंभीर रूप से घायल हो गया थे। पीड़िता को लखनऊ के एक अस्पताल से विमान से दिल्ली स्थित एम्स लाया गया।पीड़िता को दिल्ली में ठहराया गया है और वह सीआरपीएफ की सुरक्षा में है।

उन्नाव रेप केस में सेंगर पहले ही दोषी साबित हो चुके हैं। 16 दिसंबर 2019 को दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने सेंगर को धारा 376 और पॉक्सो के सेक्शन 6 के तहत दोषी ठहराया था। 17 दिसंबर को सजा पर बहस की गई थी और 20 दिसंबर को सेंगर को दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई। साथ-साथ 25 लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया था।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here