‘मुसलमान बनने की तुलना में एंकर बनना ज्यादा बेहतर रहेगा, क्या बाबर समीर अब्बास के आराध्य हैं?’, BJP नेता की विवादास्पद टिप्पणी पर टीवी9 भारतवर्ष के एंकर ने जताई नाराजगी

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भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रेम शुक्ला के उस बयान की सोशल मीडिया पर जमकर आलोचना हो रही है जिसमें उन्होंने टीवी9 भारतवर्ष के एंकर समीर अब्बास से कहा कि ‘मुसलमान बनने की तुलना में एंकर बनना ज्यादा बेहतर रहेगा’। शुक्ला के इस बयान पर समीर अब्बास ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि एंकर एक एंकर होता है, न तो वह हिंदू होता है और न ही मुसलमान। टीवी 9 भारतवर्ष पर अयोध्या में राम मंदिर पर हो रहे चर्चा के दौरान भाजपा प्रवक्ता प्रेम शुक्ला ने कई और विवादास्पद टिप्पणी की।

चर्चा के दौरान प्रेम शुक्ला ने कार्यक्रम का एंकरिंग कर रहे समीर अब्बास से कहा, ‘मुसलमान बनने की तुलना में एंकर बनना ज्यादा बेहतर रहेगा।’ इस पर समीर अब्बास से कहा, “नहीं..नहीं…एंकर कुछ नहीं होता…न हिंदू…न मुसलमान…” फिर प्रेम शुक्ला ने एंकर से कहा, ‘दुनिया की एक मस्जिद दिखा दीजिए जहां सूअर की मूर्ति लगी हो? आप तो (एंकर) इस्लाम को बेहतर जानते होंगे मुझसे।’ फिर एंकर ने कहा कि नहीं मैं इस्लाम का जानकार नहीं हूं…

इस दौरान भाजपा प्रवक्ता बार-बार मुस्लिम समुदाय पर भड़काऊ बयान देते रहे। शुक्ला ने कहा कि बाबर एक आतंकवादी था, जिसने राम मंदिर को गिरवा दिया और लाखों हिंदूओं का कत्लेआम किया गया। अयोध्या विवाद पर जब उन्होंने बाबर का जिक्र किया तो एंकर ने आपत्ति जताते हुए कहा कि प्रेम शुक्ला साहब आप बाबर तक क्यों पहुंच रहे हैं। इस पर भाजपा नेता ने कहा कि समीर भाई क्या आप बाबर पर मुकदमा चलवा सकते हैं? बाबर आतंकवादी था या नहीं…यह सत्य है कि नहीं?

इतना ही नहीं शुक्ला ने एक निष्पक्ष और प्रतिष्ठित पत्रकार समीर अब्बास पर आगे भी हमला बोलते हुए कहा, “समीर क्या आप बाबर को पूज्य मान रहे हैं? क्या बाबर समीर के आराध्य हैं? क्या समीर बाबर की आराधना करते हैं? टीवी9 भारतवर्ष के एंकर श्री समीर अब्बास क्या बाबर की पूजा करते हैं? कि बाबर के नाम पर नमाज करते हैं?” इस पर एंकर समीर ने कहा कि आप किस लेबल पर डिबेट को लेकर जा रहे हैं। आपके नाम में प्रेम है, थोड़ा तो ख्याल रखिए उसका।

इसके बाद अपने ट्विटर अकाउंट से डिबेट का वीडियो ट्वीट कर समीर ने लिखा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने क्या ख़ूब कहा कि दशकों से अल्पसंख्यकों के साथ होते आ रहे छल में छेद करना है पर BJP के प्रेम शुक्ला तो उन्हें बाबर के आराध्य बताकर “सबका विश्वास” के भरोसे को ही छेदने पर आमादा हैं..आज फिर ये समझाना पड़ा कि ऐंकर ऐंकर होता है – न हिंदू होता है न मुसलमान होता है।” सोशल मीडिया पर शुक्ला के बयान की तीखी आलोचना हो रही है।

 

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