बुलंदशहर हिंसा: रईस अख्तर की जगह मनीष मिश्रा बने नए ASP ग्रामीण

0
1
PTI

उत्तर प्रदेश में बुलंदशहर के स्याना में हिंसा के दौरान मारे गए इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह की हत्या मामले में योगी सरकार ने एक और वरिष्ठ अधिकारी का तबादला कर दिया है। बुलंदशहर हिंसा मामले में जिले के एडिशनल सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस (ASP) ग्रामीण रईस अख्तर का तबादला कर दिया गया है। जबकि अख्तर की जगह मनीष मिश्रा को नए ASP के तौर पर नियुक्त किया गया है।

PTI

रिपोर्ट के मुताबिक रईस अख्तर का ट्रांसफर लखनऊ के PAC हेडक्वाटर में किया गया है। अख्तर को अपर पुलिस अधीक्षक, पीएसी मुख्यालय के पद पर भेजा गया है। मनीष मिश्रा अभी तक एएसपी मॉडर्न कंट्रोल रूम, गाजियाबाद में तैनात थे। आपको बता दें कि बुलंदशहर हिंसा पर एडीजी इंटेजीलेंस की रिपोर्ट के बाद एसएसपी कृष्ण बहादुर सिंह को हटाया गया था। उनके स्थान पर सीतापुर के एसपी प्रभाकर चौधरी को बुलंदशहर का नया एसपी बनाया गया था।

https://twitter.com/scribe_prashant?ref_src=twsrc%5Etfw%7Ctwcamp%5Etweetembed%7Ctwterm%5E1071675862645383168&ref_url=http%3A%2F%2Fwww.jantakareporter.com%2Findia%2Fmanish-mishra-appointed-new-asp-rural-of-bulandshahr-raees-akhtar-transferred-to-lucknow%2F222685%2F

आरोपी फौजी गिरफ्तार

इस बीच बुलंदशहर के स्याना में हिंसा के दौरान मारे गए इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह की हत्या मामले में मुख्य संदिग्ध आर्मी जवान जितेंद्र मलिक (जीतू फौजी) को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स(एसटीएफ) के महा निरीक्षक अमिताभ यश ने रविवार को समाचार एजेंसी ‘भाषा’ को बताया कि बुलंदशहर में इंस्पेक्टर सुबोध सिंह की हत्या के मामले में आरोपी जितेंद्र मलिक उर्फ जीतू फौजी को सेना ने शनिवार देर रात मेरठ में एसटीएफ को सौंप दिया।

यह पूछे जाने पर कि इसे सेना द्वारा सुपुर्दगी मानी जाए या फिर एसटीएफ द्वारा गिरफ्तारी, यश ने कहा कि तकनीकी रूप से इसे गिरफ्तार ही माना जाएगा। वारदात की वीडियो में जितेंद्र मौके पर मौजूद नजर आ रहा है। उन्होंने बताया कि जितेंद्र मेरठ में पुलिस हिरासत में है।

गौरतलब है कि गत तीन दिसंबर को स्याना कोतवाली क्षेत्र के चिंगरावठी इलाके में कथित गोकशी के मामले को लेकर भीड़ से संघर्ष में इंस्पेक्टर सुबोध सिंह शहीद हो गए थे। इसके अलावा सुमित नामक एक युवक की भी मृत्यु हो गई थी।इस मामले में जितेंद्र समेत 27 नामजद तथा 50-60 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। इनमें से अब तक नौ लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है।

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here