गवर्नरों द्वारा असंवैधानिक हस्तक्षेप चिंताजनक, क्या यही सहकारी संघवाद है?: केजरीवाल

0

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल ने शनिवार रात भाजपा गवर्नरों द्वारा ग़ैर भाजपा शासित राज्यों में असंवैधानिक हस्तक्षेप पर गहरी चिंता व्यक्त की।

उनका यह बयान असम मुख्यमंत्री तरुण गोगोई के उस बयान के चंद घंटों के बाद आया जिस में उन्होंने राष्ट्रपति प्रणब मुख़र्जी को पत्र लिखकर गवर्नर पी बी आचार्य को हटाये जाने की मांग की थी क्यूंकि वो ‘गवर्नर के तौर पर काम कम और भाजपा कार्यकर्ता के तौर पर ज़्यादा काम कर रहे हैं। ‘

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बहुचर्चित सहकारी संघवाद पर निशाना साधते हुए केजरीवाल ने कहा, ” कई मुख्यमंत्रियों ने गवर्नरों द्वारा असंवैधानिक हस्तक्षेप की शिकायत की है ताकि भाजपा को फायदा पहुंचे । क्या यही सहकारी संघवाद है?”

Also Read:  राजू श्रीवास्तव बोले- भारत को तोड़ने की बात करने वालों की हो पिटाई

असम के मुख्यमंत्री तरुण गोगोई ने शनिवार को राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी से तुरंत कार्रवाई करते हुए असम के राज्यपाल के पद से पद्मनाभा बालकृष्ण आचार्य को हटाने का अनुरोध किया था।

भाजपा शनिवार को खुलकर आचार्य के समर्थन में सामने आई और कहा कि उन्हें हटाने की कोई संभावना नहीं है।

Also Read:  बंद हो चुके नोटों में 1.60 करोड़ रू जब्त, दो गिरफ्तार

गोगोई ने राष्ट्रपति को शनिवार को पत्र भेजकर आचार्य की जगह किसी और को असम का राज्यपाल बनाने की गुहार लगाई। उन्होंने अपने पत्र में लिखा है कि आचार्य के पद पर बने रहने से संसदीय जनतंत्र के संचालन में दिक्कत आएगी और राज्य के धर्मनिरपेक्ष संस्कारों में दरार पैदा होगी।

आचार्य ने कहा था कि दुनिया में कहीं भी प्रताड़ित हिंदुओं को हिन्दुस्तान आने का हक है क्योंकि ‘हिन्दुस्तान हिंदुओं का है।’ वे यहां नहीं आएंगे तो कहां जाएंगे।

Also Read:  गुजरात: कांग्रेस ने रातोंरात अपने 40 विधायकों को भेजा बेंगलुरु, अब तक 6 विधायक छोड़ चुके हैं पार्टी

पत्र में डिब्रूगढ़ विश्वविद्यालय कोर्ट में आचार्य द्वारा चार सदस्यों की नियुक्ति और बोडोलैंड टेरिटोरियल काउंसिल में राज्य मंत्रिमंडल द्वारा सुझाए गए नामों के बजाए अपनी पसंद के कुछ लोगों की नियुक्ति पर सवाल उठाए गए हैं।

भाजपा नेता राम माधव ने कहा कि आचार्य को हटाने का सवाल नहीं उठता। उन्होंने कहा कि राज्यपाल को इस वजह से नहीं हटाया जा सकता कि एक खास पार्टी ऐसा चाहती है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here